आरोप है कि गांव चोरोली निवासी कर्मवीर (45) को कुछ दिन पहले इलाज के लिए जेवर के आरोग्य अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि भर्ती किए जाने के समय उनकी हालत इतनी गंभीर नहीं थी, लेकिन उपचार के दौरान उनकी तबीयत लगातार बिगड़ती चली गई। परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन पर उपचार में लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। हालत अधिक खराब होने पर कर्मवीर को ग्रेटर नोएडा के एक अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। वहां कुछ दिन इलाज चलने के बाद सोमवार उनकी मौत हो गई।
इसके बाद परिजन शव लेकर वापस जेवर स्थित उसी निजी अस्पताल पहुंचे और अस्पताल के सामने शव रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। विरोध प्रदर्शन की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।