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अस्पताल से फरार फज्जा मुठभेड़ में ढेर

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नई दिल्ली। पुलिस की स्पेशल सेल ने जीटीबी अस्पताल से साथियों की मदद से फरार गैंगस्टर कुलदीप मान उर्फ फज्जा को रविवार तड़के मुठभेड़ में ढेर कर दिया। पुलिस उसे आंबेडकर अस्पताल ले गई, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने फज्जा के दो साथियों योगेंद्र दहिया उर्फ मोंटी और भूपेंद्र सिंह उर्फ भूट्टन को गिरफ्तार किया है।
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पुलिस आयुक्त एसएन श्रीवास्तव ने मुठभेड़ करने वाली टीम की तारीफ की। उधर, स्थानीय लोगों का कहना है कि अपार्टमेंट में दोनों ओर से करीब आधा घंटे तक गोलियां चलीं। यह भी आरोप है कि पुलिस दो बदमाशों को पकड़कर लाई थी। हालांकि स्पेशल सेल के अधिकारियों ने इस बात से इनकार किया है।
स्पेशल सेल के डीसीपी प्रमोद कुशवाह ने बताया कि मुठभेड़ के दौरान फज्जा ने करीब आठ और जवाब में पुलिस टीम ने 10 से ज्यादा गोलियां चलाईं। 25 मार्च को तीसरी बटालियन के पुलिसकर्मी फज्जा को मंडोली जेल से जीटीबी अस्पताल की ओपीडी में इलाज कराने लेकर आए थे। तभी बदमाशों ने पुलिसकर्मियों की आंखों में मिर्ची का पाउडर फेंककर हमला किया और फायरिंग करते हुए उसे छुड़ाकर ले गए। जवाब में पुलिसकर्मियों ने करीब एक दर्जन गोलियां चलाईं, जिनसे एक बदमाश रवि मारा गया था और दूसरा अंकेश घायल हो गया था।
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एसीपी ललित मोहन नेगी व हृदयभूषण की टीम को सूचना मिली थी कि कुलदीप मान रोहिणी सेक्टर-14 के तुलसी अपार्टमेंट में छिपा है। इस टीम ने एक सूचना पर कुलदीप के साथी भूपिंदर मान उर्फ भुट्टन को रात करीब 9:30 बजे गिरफ्तार किया। उसने बताया कि कुलदीप फ्लैट नंबर डी-9, तुलसी अपार्टमेंट में है। पुलिस ने रात करीब पौने दो बजे फ्लैट का दरवाजा खटखटाया तो अंदर से कुलदीप मान ने गोलियां चलाना शुरू कर दिया। जवाबी कार्रवाई में गोलियां लगने से कुलदीप मान घायल हो गया। दो पुलिसकर्मियों की बुलेटप्रूफ जैकेट पर गोलियां लगीं। स्पेशल सेल ने प्रशांत विहार थाने में कुलदीप मान के खिलाफ मामला दर्ज कराया है। पुलिस ने फ्लैट के मालिक योगेंद्र दहिया उर्फ मोंटी को फ्लैट से गिरफ्तार कर लिया। वह भी कुलदीप का साथी था। उसके पास से .32 बोर की लोडेड पिस्टल मिली।
फज्जा पर दर्ज थे 70 से ज्यादा मामले
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कुलदीप मान उर्फ फज्जा के खिलाफ 70 से अधिक मामले दर्ज थे। फिलहाल वह 11 मामलों में वांछित था। इनमें हत्या के पांच, रॉबरी व रंगदारी के तीन केस थे। उसे हिरासत से फरार कराने की साजिश गोगी गिरोह ने रची थी। गिरोह की योजना फिर से दिल्ली में सक्रियता बढ़ाने की थी। दिल्ली के जीटीबी अस्पताल के भीतर से फज्जा को छुड़ाकर ले जाने के लिए गिरोह ने फूलप्रूफ योजना बनाई थी। गोगी गिरोह रंगदारीे और फिरौती के साथ कार चोरी में लिप्त है। कुलदीप को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने पिछले साल मार्च में गुरुग्राम से गिरफ्तार किया था।
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