दरअसल, एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर यानी विवाहेत्तर संबंधों की वजह से कई परिवार टूटने की कगार पर हैं। महिला थाने की एसएचओ ने बताया कि पहले जहां माह में 100 में से 5 शिकायतें विवाहेत्तर संबंधों की होती थीं वहीं, अब तकरीबन 70 शिकायतें उसी से संबंधित आ रही हैं। थाने में महिलाएं पहले अपने पति के खिलाफ शिकायत दर्ज कराती हैं। बाद में काउंसलिंग के दौरान झगड़ों की वजह विवाहेत्तर संबंध निकलकर आते हैं। काउंसलर ने बताया कि कई मामलों में पुरुष भी महिलाओं पर विवाहेत्तर सबंध के आरोप लगाते हैं।
मोबाइल कर रहा रिश्ते की डोर कमजोर
काउंसलिंग के दौरान सामने आया कि एक दूसरे को समय देने की जगह फोन पर व्यस्त रहने के कारण रिश्तों में दरार आ रही है। कई बार देर तक मोबाइल पर रहने के कारण पति या पत्नी एक दूसरे पर शक करने लगते हैं। इसके कारण आपस में झगड़े शुरू जाते हैं।
केस-1
शादीशुदा महिला से चल रहा पति का अफेयर
नोएडा सेक्टर पांच की रहने वाली महिला का कहना है कि शादी को तीन साल हो गए। एक बेटी भी है। दो महीने से मायके में रह रही हूं। पति का किसी शादीशुदा महिला के साथ अफेयर चल रहा है। कुछ भी कहने पर पति आए दिन मारपीट करते हैं।
केस-2
साथ काम करने वाली युवती से है पति का संबंध
नोएडा सेक्टर-12 की रहने वाली महिला का कहना है कि दो साल पहले उन्होंने प्रेम विवाह किया था। अब पति का अफेयर उनके साथ काम करने वाली एक युवती से चल रहा है। आए दिन मेरे साथ मारपीट करते हैं और घर से निकल जाने के लिए कहते हैं।
केस- 3
बेटे का ख्याल नहीं रखता पति, न ही देता है खर्चा
नोएडा सेक्टर-63 की रहने वाली युवती का कहना है कि चार साल हो गए शादी को। एक बेटा भी है एक साल का। पति का दूसरी महिला के साथ रिलेशन है। इसलिए अब वह उसका और उसके बेटे का ख्याल नहीं रखता है और न ही खर्चे के लिए पैसे देता है।
रोजाना महिला थाने में लगभग 10 से 12 शिकायतें आती हैं। शिकायतों में महिला मारपीट, घरेलू हिंसा व अन्य कारण बताती हैं। बाद में इनमें से ज्यादातर शिकायतें एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर से संबंधित होती हैं। ऐसे मामलों में पहले दोनों को समझाने की कोशिश की जाती है। -सरिता सिंह, एसएचओ, महिला थाना
एक दूसरे की भावनाओं को समझना जरूरी
मनोचिकित्सक आरके बंसल का कहना है कि आजकल लोगों के जीवन में तनाव है। छोटी-छोटी बातों को लेकर पति-पत्नी के बीच में मनमुटाव हो जाता है। ऐसे मामलों से बचने के लिए दोनों को एक दूसरे की भावनाएं समझना जरूरी हैं। धैर्य रखते हुए एक दूसरे की बातों को ध्यान से सुनना और केयर करना एक दूसरे को अच्छा लगता है। धीरे-धीरे रिश्तों में प्रगाढ़ता आने लगती है। मन की बात समझेंगे तो ऐसे मामलों से घर को बचाया जा सकता है।