नाबालिगों के सहारे फैला रखा था गांजा तस्करी का जाल, एक और तस्कर गिरफ्तार
- फेज-वन पुलिस ने पांच किलो से अधिक गांजे के साथ दबोचा राजकुमार, पूछताछ में खुला हेमा के नेटवर्क का राज
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। सेक्टर-17 की रहने वाली हेमा के गांजा तस्करी नेटवर्क की परतें लगातार खुल रही हैं। फेज-1 पुलिस ने गिरोह से जुड़े एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। उसके कब्जे से 5.150 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ है। पूछताछ में सामने आया कि गिरोह लंबे समय से झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले नाबालिग बच्चों को लालच देकर उनसे गांजे की सप्लाई कराता था। बच्चों को छोटी-छोटी पुडय़िां बनाकर अलग-अलग इलाकों में भेजा जाता था, ताकि पुलिस की नजर से बचा जा सके।
पुलिस के मुताबिक, छह अगस्त को टीम फरार आरोपियों की तलाश में सेक्टर-10 क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इसी दौरान एक युवक हाथ में सफेद प्लास्टिक की बोरी लेकर संदिग्ध हालत में दिखाई दिया। पुलिस को देखकर उसने भागने की कोशिश की, लेकिन घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया गया। पूछताछ में उसकी पहचान सेक्टर-16 जेजे कॉलोनी निवासी 22 वर्षीय राजकुमार के रूप में हुई। तलाशी लेने पर बोरी से 5 किलो 150 ग्राम गांजा बरामद हुआ। इसके बाद आरोपी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में राजकुमार ने पुलिस को बताया कि बरामद गांजा सेक्टर-17 निवासी हेमा का था। वह हेमा और उसके साथी नन्हे के साथ मिलकर गांजा खरीदने और बेचने का काम करता था। आरोपी ने बताया कि झुग्गी बस्तियों में रहने वाले बच्चों को पैसों का लालच देकर गिरोह से जोड़ा जाता था। उन्हें 10 से 12 ग्राम की पुड़ियां तैयार कर बैग में रखकर अलग-अलग स्थानों पर भेजा जाता था। जांच के दौरान यह भी पता चला कि हेमा खुद हर स्तर पर सामने नहीं आती थी। वह बिचौलियों के जरिए पूरे नेटवर्क का संचालन करती थी। एडीसीपी मनीषा सिंह ने बताया कि इस गिरोह के अन्य सदस्यों की पहचान कर गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं।
हेमा के इशारों पर चलता था पूरा नेटवर्क : पुलिस जांच में पता चला है कि गांजा तस्कर हेमा सीधे सड़क पर उतरकर गांजा नहीं बेचती थी। वह अपने भरोसेमंद साथियों और बिचौलियों के जरिए पूरे नेटवर्क का संचालन करती थी। झुग्गी बस्तियों में रहने वाले बच्चों को पहले लालच देकर गिरोह से जोड़ा जाता और फिर उनसे छोटी-छोटी पुड़ियों में गांजे की सप्लाई कराई जाती थी।