- सेवानिवृत्त शिक्षक को झांसा देकर ठगों ने 9.58 लाख रुपये की कर ली ठगी
- ऐप डाउनलोड कराकर मोबाइल पर कर लिया नियंत्रण
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। साइबर जालसाजों ने आईजीएल बिल जमा नहीं होने के झांसे में लेकर सेवानिवृत्त शिक्षक से 9.58 लाख रुपये की ठगी कर ली। जालसाजों ने ऑनलाइन बिल जमा कराने के बहाने खुद लिंक भेजकर एप डाउनलोड कराई। और रकम ट्रांसफर करा ली। इस मामले में साइबर क्राइम थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
सेक्टर 50 के रहने वाले आदित्य कुमार सेवानिवृत्त शिक्षक हैं। इनके यहां आईजीएल का कनेक्शन है। 25 नवंबर की शाम उनके पास आइजीएल कर्मी बनकर एक जालसाज ने फोन किया और कहा कि पिछले महीने के गैस बिल का भुगतान नहीं हुआ है। दो घंटे में कनेक्शन बंद हो जाएगा। तकनीकी दिक्कत के चलते विभाग को पेमेंट नहीं होने का दावा किया। बुजुर्ग आदित्य बातों-बातों में समाधान पूछने लगे तब आरोपी ने कहा कि एप पर घर बैठे पेमेंट कर दें। तब कनेक्शन नहीं काटा जाएगा।
जालसाज ने इसी बीच वाट्सअप पर एक लिंक भेजकर एप डाउनलोड करा लिया। इसके बाद आदित्य के मोबाइल का पूरा नियंत्रण अपने हाथों में ले लिया। आदित्य को बातों में उलझाए रखा। दूसरी ओर ठग ने आदित्य और उनकी पत्नी के बैंक खाते से रकम उड़ानी शुरू कर दी। सवा पांच से पौने छह बजे तक आधे घंटे में छह बार में 9.58 लाख रुपये ट्रांसफर कर लिए। उसके बाद आदित्य से संपर्क तोड़ लिया। एडीसीपी साइबर शैव्या गोयल का कहना है कि इस मामले में साइबर थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई है ।