प्रो कबड्डी लीग के ट्रायल के नाम पर ऑनलाइन ठगी का मामला सामने आया है। देश के विभिन्न शहरों से 250 से अधिक खिलाड़ियों को ठगी का शिकार बनाया गया है। सोमवार को खिलाड़ियों को ट्रायल के लिए नोएडा स्टेडियम बुलाया गया था, लेकिन आयोजक नहीं पहुंचे। इस पर पीड़ित खिलाड़ियों और उनके अभिभावकों ने नोएडा स्टेडियम हंगामा कर आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की। पुलिस पहुंची तो युवाओं ने एसपी सिटी के समक्ष शिकायत दी। उन्होंने जांच का जिम्मा साइबर सेल को सौंपा है।
एसपी सिटी सुधा सिंह ने बताया कि एक फर्जी कबड्डी वेबवाइट पर कई महीने पहले जूनियर प्रोफेशनल कबड्डी लीग का रजिस्ट्रेशन शुरू कराया गया था। प्रत्येक खिलाड़ी के पास वेबसाइट का लिंक भेजा गया था। राष्ट्रीय जूनियर प्रोफेशनल कबड्डी प्रतियोगिता के ट्रायल के लिए उन्हें नोएडा स्टेडियम बुलाया गया था। इसमें 15 से 17 साल के खिलाड़ी ही रजिस्ट्रेशन कर सकते थे। सभी से 500-500 रुपये बतौर फीस लिए गए थे। वेबसाइट से नोएडा स्टेडियम का एक कथित एंट्री टिकट भी भेजा गया।
सोमवार को समय के अनुसार ट्रायल के लिए खिलाड़ी नोएडा स्टेडियम पहुंचे। इनमें गौतमबुद्घ नगर, गाजियाबाद मेरठ, सहारनपुर, बिजनौर, गुजरात, पंजाब, हरियाणा, मुंबई, उड़ीसा, कोलकाता आदि के युवक-युवतियां थे। उन्होंने स्टेडियम जाकर जानकारी की तो पता चला कि ऐसा कोई ट्रायल नहीं होना है।
इसे लेकर खिलाड़ियों ने स्टेडियम में प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। कुछ अधिकारी पहुंचे और पूरी बात सुनकर फर्जीवाड़े की जानकारी दी। इसके बाद खिलाड़ियों ने सेक्टर-24 थाने जाकर शिकायत दी। फिर सभी खिलाड़ी सेक्टर-6 स्थित एसपी सिटी कार्यालय गए। उन्होंने सभी की संयुक्त शिकायत लेकर साइबर सेल को जांच के निर्देश दिए हैं।
पड़ताल में पता चला है कि इस वेबसाइट के माध्यम से सोनीपत में भी काफी युवा खिलाड़ियों के साथ धोखाधड़ी की गई है। इस खेल को ग्रामीण युवा अधिक पसंद करते हैं तो ठगों ने ऐसे ही खिलाड़ियों को निशाना बनाया।
बिजनौर से रजिस्ट्रेशन कराया था। यहां आने के लिए कई हजार रुपये खर्च किए थे। नोएडा इस उम्मीद से आए थे कि शायद इस ट्रायल में सलेक्शन हो जाएगा और करियर बन जाएगा।- विराट, पीड़ित खिलाड़ी।
हरियाणा के हिसार से कबड्डी के ट्रायल के लिए आए थे। पूरी उम्मीद थी कि इस बार के ट्रायल में मेहनत के साथ प्रदर्शन करेंगे। इससे भविष्य संवर सकता है। परिवारवालों को भी पूरी उम्मीद थी। घर में पैसे की व्यवस्था नहीं थी, मगर पड़ोसी से 2500 रुपये उधार लेकर आया था।- हरेंद्र, खिलाड़ी