फिरोजपुर झिरका। फिरोजपुर झिरका की पंचायत समिति के खाते से करीब एक करोड़ रुपये की राशि निकालने का मामला सामने आया है। आरोप है कि यह राशि बिना खंड विकास पंचायत अधिकारी की जानकारी के निकाली गई है। बैंक से नए चेक बुक भी जारी कराई गई। खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी ने पंचायत विभाग के निदेशक और उपायुक्त नूंह को पत्र लिखकर मामले की जांच की मांग की है। वहीं उपायुक्त ने मामला संज्ञान में आते ही 2 जुलाई को नगीना और फिरोजपुर झिरका के बैंक में खुले खातों को फ्रीज करने के आदेश दे दिए हैं।
खंड विकास पंचायत अधिकारी ने बताया कि पंचायत समिति के खाते से 28 जून को चेक संख्या 699645 से 42 लाख 33 हजार 300 रुपये, 29 जून को चेक संख्या 699643 से 43 लाख 15 हजार 900 रुपये व 3 जुलाई को चेक संख्या 699644 से 14 लाख रुपये की राशि निकाली गई। कुल राशि 99 लाख 49 हजार दो सौ रुपये बनती है। यह राशि रौनक इंटरप्राइजेज, देडवाल ट्रेडिंग कंपनी और अनवर हुसैन नाम के व्यक्ति के खाते में गई है। नियमानुसार पंचायत समिति के जिस खाते से यह राशि निकाली गई। वो प्रशासक और बीडीपीओ का ज्वाइंट खाता था। इस खाते से केवल ऑनलाइन ही भुगतान किया जा सकता है, लेकिन नियमों के विरुद्ध जाकर यह राशि निकाली गई।
पंचायत अधिकारी मोहन सिंह का आरोप है कि पीआरआई एफएफसी खाते से यह राशि निकाली गई। इसका कार्य में कोई लेखा-जोखा लेखाकार को प्रस्तुत नहीं किया गया है। समिति के विकास कार्यों के लिए निकाली गई यह राशि बिना प्रस्ताव के निकाली गई है। नियमानुसार पंचायत समिति के सदस्यों की मांग के बाद ही उनके वार्डों में काम करवाए जाते हैं। वहीं मामले को लेकर पंचायत समिति के तत्कालीन चेयरपर्सन मुमताज बेगम, पूर्व वाइस चेयरमैन इरशाद, पंचायत समिति के पूर्व सदस्य समीम अहमद ने भी शिकायत देकर जांच कराने की मांग की है।
वर्जन-
सभी आरोप पूरी तरह बेबुनियाद हैं। नियमानुसार ही खाते से पैसे निकाले गए हैं। पंचायत समिति के तहत जो कार्य हुए हैं, वो विभागीय हैं। जिन सोसाइटी या फर्म ने कार्य किया है, उनका बकाया और पुराना बकाया का पैसा दिया गया है। कार्यों के बिल आदि कागजात के आधार पर पेमेंट की गई है। - रीगन कुमार, एसडीएम व प्रशासक पंचायत समिति फिरोजपुर झिरका