इस मामले पुलिस मृतका की बहन कंचन ने प्राथमिकी दर्ज कराई थी। परिजन ने आरोप लगाया था कि दहेज की मांग पूरी नहीं होने के साथ सोशल मीडिया इंस्टाग्राम पर ब्यूटी पार्लर का प्रचार करने पर निक्की और उसकी बहन को प्रताड़ित किया जाता था। जमानत पर सुनवाई के दौरान आरोपी पक्ष के अधिवक्ता की ओर से कहा गया कि आरोपी को जबरन फंसाया गया है।
वहीं निक्की भाटी के परिवार के अधिवक्ता और अभियोजन पक्ष आरोपी की जमानत याचिका का विरोध किया। उन्होंने कहा कि आरोपी ने साजिश के तहत हत्या को अंजाम दिया है। आरोपी को पुलिस ने मुठभेड़ में गिरफ्तार किया था। आरोपी के पास से ज्वलनशील पदार्थ भी बरामद हुआ था। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी।
हाईकोर्ट जा सकता है आरोपी
माना जा रहा है कि आरोपी की ओर से जिला अदालत से जमानत याचिका खारिज होने के बाद इलाहाबाद हाई कोर्ट का रुख किया जा सकता है। इससे पहले मामले में आरोपी सास दया, ससुर सतवीर और जेठ रोहित को इलाहाबाद हाई कोर्ट से जमानत मिल चुकी है।