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नोएडा: लोन देने के नाम पर ठगी के काल सेंटर का पर्दाफाश, चार गिरफ्तार

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-गौड़ सिटी सेंटर में चल रहा था कॉल सेंटर, सस्ती दर पर लोन देने का झांसा देता था गिरोह, आरोपी दंपती फरार
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माई सिटी रिपोर्टर

ग्रेटर नोएडा। ग्रेटर नोएडा साइबर टीम और बिसरख कोतवाली पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई में ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित गौड़ सिटी सेंटर की छठी मंजिल पर चल रहे ठगी के काल सेंटर का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के चार लोगों को गिरफ्तार किया है। चारों लोन देने के नाम पर आनलाइन ठगी कर रहे थे। आरोपियों ने ठगी करने के लिए लोन देने वाली कंपनी के नाम से फर्जी वेबसाइट बनाई थी। पुलिस ने चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया है, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। गिरोह में शामिल आरोपी दंपती फरार हैं।

साइबर क्राइम और बिसरख कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि गौड़ सिटी सेंटर में लोगों से ठगी करने वाले कॉल सेंटर संचालित हो रहा है। आरोपी धानी कंपनी का प्रतिनिधि बनकर लोगों को लोन देने के लिए फोन करते थे। पुलिस टीम जब कॉल सेंटर पर पहुंची तो मौके से चार आरोपियों अश्वनी कुमार उर्फ विश्वजीत कुमार व पवनदेव उर्फ सत्यम (नवादा बिहार), बाॅबी (एटा उत्तर प्रदेश) और मोहित सागर (सुभाष नगर बरेली उत्तर प्रदेश) को गिरफ्तार किया। चारों आरोपी वर्तमान में ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित देविका गोल्ड होम्स में किराए के फ्लैट में रह रहे थे। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से तीन लैपटाप, नौ स्मार्ट फोन, 16 मोबाइल की पैड वाले, दो प्रिंटर, काॅलिंग डाटा कार्ड बरामद किया गया है।
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फर्जी वेबसाइट से झांसे में लेते थे

आरोपियों ने कंपनी के नाम से फर्जी वेबसाइट बना रखी थी। लोन की आवश्यकता वाले लोगों को सस्ती दर पर पर्सनल लोन, होम लोन, बिजनेस लोन आदि का लालच देकर फाइल चार्ज, वेरीफिकेशन फीस, लीगल चार्ज आदि के नाम पर बैंक खातों में पचास हजार से एक लाख के बीच की रकम डलवा लेते थे। खाते में रकम आते ही मोबाइल स्विच आफ कर देते थे।
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चोरी का डाटा खरीदकर चला रखा था ठगी का जाल

गिरोह में आरोपी मोहित के संपर्क में कई ऐसे लोग हैं जो बैंक व कंपनी का डाटा चोरी से बेचते हैं। मोहित डाटा उपलब्ध कराता था, इसके बाद लोगों को कॉल सेंटर से लोन देने का झांसा दिया जाता था। पुलिस डाटा बेचने वालों की तलाश कर रही है।

विशाल पांडेय, एडिशनल डीसीपी सेंट्रल नोएडा
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