एनबीसीसी पर झूठे प्रमाण, पत्र जारी करने का आरोप
सीबीआई के प्रवक्ता ने एक बयान में कहा कि आरोप है कि आरोपियों ने निजी कंपनी को अनुचित लाभ पहुंचाने के लिए साजिश के तहत इसे तकनीकी तौर पर पात्र बनाया। आरोप है कि दिसंबर 2017 में पांच साल के लिए दिल्ली जल बोर्ड के विद्युत चुम्बकीय प्रवाह मीटरों की आपूर्ति, स्थापना, परीक्षण व कमीशनिंग और संबंधित ओ एवं एम संचालन के लिए निविदा जारी की गई थी। बयान में कहा गया है, यह भी आरोप है कि संबंधित निजी कंपनी के साथ आरोपियों की मिलीभगत और एनबीसीसी द्वारा जारी झूठे प्रमाण पत्र व मनगढ़ंत बयान जारी किए जाने के कारण निजी कंपनी ने 38.02 करोड़ रुपये की निविदा हासिल की थी।