गोसाईंगंज। सेवा पुस्तिका में दर्ज जन्मतिथि को संशोधित करने के लिए फर्जी प्रमाणपत्र लगाने वालीं सेवानिवृत्त कर निर्धारण अधिकारी शशिकला के खिलाफ सुशांत गोल्फ सिटी पुलिस ने 40 दिन बाद एफआईआर दर्ज की है। आरोपी अफसर ने जन्मतिथि में हेराफेरी कर हाईस्कूल का फर्जी प्रमाणपत्र बनाकर शासन में लगाया था।
नगर निकाय निदेशालय के प्रशासनिक अधिकारी नगेसर प्रसाद के मुताबिक, देवरिया नगरपालिका की सेवानिवृत्त कर निर्धारण अधिकारी शशिकला ने सेवा अभिलेखों में दर्ज जन्मतिथि में संशोधन के लिए 22 जून 2024 को शासन को पत्र लिखा था। उन्होंने पत्र के साथ माध्यमिक शिक्षा परिषद से जारी हाईस्कूल का संशोधित प्रमाणपत्र भी लगाया था। इसमें अफसर की जन्मतिथि पांच जून 1966 दर्ज है, जबकि वर्ष 1995 में चयन के समय जमा किए गए शैक्षिक दस्तावेज में जन्म का वर्ष 1964 लिखा था। संदेह होने पर शासन ने जांच के आदेश दिए।
नगर निकाय निदेशालय के निदेशक अनुज झा ने छानबीन कराई। जांच के दौरान माध्यमिक शिक्षा परिषद के सचिव ने बताया कि शशिकला को हाईस्कूल का कोई संशोधित प्रमाणपत्र बोर्ड से जारी नहीं किया गया है। इस पर शासन ने महिला अधिकारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए।
प्रशासनिक अधिकारी ने बताया कि नौ सितंबर को सुशांत गोल्फ सिटी थाने में अफसर के खिलाफ तहरीर दी गई थी। इसके बावजूद पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया। लिहाजा विभाग के डायरेक्टर ने डीसीपी साउथ से शिकायत की। डीसीपी की फटकार के बाद पुलिस ने 40 दिन बाद आरोपी अफसर पर केस दर्ज कर लिया है।
वहीं, देवरिया पालिका के ईओ संजय तिवारी का कहना है कि 2024 में वह सेवानिवृत्त हो गई थीं। कार्यकाल बढ़ाने के लिए उन्होंने फर्जी प्रमाणपत्र लगाया था।