नौकरी नहीं मिलने पर बना लिया एटीएम ठग गैंग
ग्रेटर नोएडा। शौक पूरे करने की चाहत में शहर में पढ़े-लिखे नौजवान जरायम की दुनिया में नाम कमाने लगे हैं। बीटा टू पुलिस ने ऐसे ही एटीएम गैंग का पर्दाफाश किया है। बीसीए और एमबीए पास युवाओं ने नौकरी नहीं मिलने पर एटीएम ठग गैंग बना लिया। पूछताछ में सामने आया कि दिल्ली-एनसीआर में एक साल में 20 से अधिक वारदात को अंजाम दे चुके हैं। ठगों के पास से 10 एटीएम, 2 पैनकार्ड और 10, 700 रुपये बरामद हुए है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया है। पुलिस इस गैंग से जुड़े अन्य बदमाशों की तलाश में जुटी है। ठगों की पहचान मनीष कुमार शर्मा निवासी मानव अपार्टमेंट वृंदावन गार्डन, शाहबेरी और प्रशांत चौधरी निवासी गृह लक्ष्मी सोसायटी, पाई-2 सेक्टर के रूप में हुई है।
सीओ फर्स्ट तनु उपाध्याय ने बताया कि बीटा-2 कोतवाली पुलिस ने एटीएम क्लोनिंग और लोगों की मदद के बहाने एटीएम बदलकर रुपये निकालने वाले दो ठगों को अल्फा-2 सेक्टर स्थित एक एटीएम के पास से मंगलवार शाम 8:40 बजे गिरफ्तार किया है। पुलिस की पूछताछ में आरोपी मनीष कुमार शर्मा ने बताया कि वह बीसीए पास और प्रशांत बीएसी और एमबीए पास है। दोनों ने कोर्स पूरा होने के बाद कई सालों तक नौकरी की तलाश की, लेकिन नहीं मिली। बेरोजगार होने से शौक पूरे नहीं हो पा रहे थे। दोनों दोस्त ने एटीएम ठगी गैंग बनाया। कुछ लोग और इस गैंग से जोड़ लिए गए। एटीएम में रुपये निकालने के लिए लाइन में खड़े लोगों से मदद के बहाने ठगी करने लगे। आरोपियों के खिलाफ बीटा-2 और साइट-5 कोतवाली में 4 मुकदमे दर्ज हैं।