मुंबई को बम से उड़ाने की धमकी देने वाला ज्योतिषी नोएडा से गिरफ्तार
अनंत चतुर्दशी के दिन बम धमाका करने की दी थी धमकी, मुंबई पुलिस ले गई अपने साथ
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। अनंत चतुर्दशी के दिन मुंबई को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले ज्योतिषी को मुंबई पुलिस ने शुक्रवार देर रात सेक्टर-77 स्थित सिविटेक स्टेडिया सोसाइटी से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान पटना निवासी अश्विनी कुमार के रूप में हुई है। वह पांच साल से नोएडा में रह रहा था।
मुंबई पुलिस उसे अपने साथ ले गई है। इस मामले में मुंबई पुलिस ने एक अन्य आरोपी अंकित गुप्ता को भी गिरफ्तार किया है। आरोपी ने अपने पूर्व साथी से बदला लेने के लिए उसके नाम से मैसेज किया था। मुंबई की यातायात पुलिस के कंट्रोल रूम में बृहस्पतिवार को व्हाट्सएप पर फिरोज के नाम से धमकी भरा मैसेज मिला था। इसमें दावा किया गया था कि लश्कर-ए-जिहादी के 14 आतंकी मुंबई में दाखिल हो चुके हैं और 400 किलो आरडीएक्स 34 गाड़ियों में लगाकर बड़ा धमाका करने वाले हैं। इस सूचना पर मुंबई पुलिस ने जांच शुरू की तब आईपी एड्रेस व नंबर का लोकेशन नोएडा आया। मुंबई पुलिस के अपर पुलिस आयुक्त ने पुलिस कमिश्नर गौतमबुद्धनगर संपर्क कर समन्वय स्थापित किया। इसके बाद मुंबई पुलिस की टीम ने नोएडा पुलिस की मदद से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के पास से सात मोबाइल, तीन सिम, एक एक्सटर्नल सिम स्लॉट, छह मेमोरी कार्ड और चार सिम होल्डर समेत अन्य सामान बरामद हुआ है। अश्वनी सोसाइटी में माता-पिता के साथ रहता है। पिता सुरेश कुमार सेवानिवृत्त शिक्षक और मां वन विभाग से सेवानिवृत्त हैं। आरोपी अश्वनी ज्योतिष और वास्तु का काम करता है और शादीशुदा है। इसके तीन बच्चे हैं। एडीसीपी सुमित शुक्ला ने बताया कि आरोपी पांच साल से नोएडा में रह रहा था। आगे की जांच मुंबई पुलिस करेगी।
एक करोड़ लोगों को हताहत करने की धमकी
आरोपी अश्विनी कुमार ने मैसेज में खुद को आतंकी संगठन लश्कर-ए-जिहादी का सदस्य बताया और बम धमाके से एक करोड़ से अधिक लोगों को हताहत करने की धमकी दी। जब मुंबई पुलिस ने इसकी सूचना नोएडा पुलिस को दी तब अपर पुलिस आयुक्त कानून एवं व्यवस्था राजीव नारायण मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस व स्वाट टीम ने काम शुरू किया। इसके बाद पुलिस की टीम ने सोसाइटी में जाकर फ्लैट से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। आसपास के लोगों ने बताया कि आरोपी संदिग्ध किस्म का है और कई लोगों का इसके यहां आना-जाना था।