कोर्ट से केस वापस लेने के बाद यीडा में शुरू होगा विकास
टेंडर की तैयारी, रुके हुए काम शुरू होंगे तो कई सेक्टरों में मिलेंगे आवंटियों को भूखंडों पर कब्जा
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। यमुना प्राधिकरण की बोर्ड बैठक में पास हुए एजेंडे और नौ गांवों के अदालत में चल रहे मुकदमों में से 80 फीसदी प्रकरण वापस होने के बाद यमुना क्षेत्र में अब विकास तेजी से होगा। इससे न सिर्फ यीडा की सड़कें और सेक्टरों के अन्य विकास कार्य होंगे, बल्कि यहां पर अब 55 प्लॉटों को भी विकसित करके कब्जा देने की तैयारी हो गई है।
यीडा क्षेत्र के 24 से अधिक गांवों के लोग आबादी और मुआवजा को लेकर अदालत की शरण में चले गए थे। यीडा ने कोर्ट में किसानों की मांगों को पूरा करने का आश्वासन दे दिया। अब प्राधिकरण किसानों की याचिकाओं को वापस करा रहा है। जिन गांवों में 80 फीसदी याचिकाएं वापस हाे रही हैं, वहां मुआवजा वितरण शुरू कर रहा है। किसानों को अतिरिक्त मुआवजा और अन्य समस्याएं दूर हो जा रही है तो वह खेतों पर कब्जा दे रहे हैं। इससे प्राधिकरण की रुकी परियोजनाएं अब तेजी से विकसित हो सकेंगी। इनके लिए प्राधिकरण ने टेंडर प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, सेक्टर-130 मीटर से जुटे 60 मीटर रोड, सेक्टर-32, 33 और 55 के आवंटियों को कब्जा देकर वहां पर विकास किया जा सकेगा।
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80 फीसदी याचिकाएं वापस होंगी तो मिलेगा अतिरिक्त मुआवजा
अदालत में गए किसानों को उस समय ही अतिरिक्त मुआवजा दिया जा सकता है, जब एक गांव के 80 फीसदी किसानों की याचिका वापस हो जाए। किसान जिन मांगों के लिए अदालत की शरण में गए थे उनको पूरा करने के लिए यमुना प्राधिकरण तैयार है। इनमें पचोकरा, अच्छेजा बुजुर्ग, उस्मानपुर, धनौरी, कादरपुर, रुस्तमपुर, डूंगरपुर रीलखा व रामपुर बांगर आदि में मुआवजा वितरण शुरू कर दिया गया है।