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Noida News: मुजफ्फरनगर में हादसा, दिल्ली में मचा कोहराम

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मुजफ्फरनगर में दिल्ली-देहरादून हाईवे पर हादसे में छह युवकों की मौत का मामला
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शुभम की शादी के बट चुके थे कार्ड, नौ दिसंबर को होने वाली थी शादी
एक ही गली में रहते थे चार दोस्त, मरने वालों में पारस और कुणाल चचेरे भाई
चार परिवारों ने अपने इकलौते बेटों को खोया, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। मसूरी घूमने जा रहे छह दोस्त मुजफ्फरनगर में दिल्ली-देहरादून हाईवे पर हादसे का शिकार हो गए। मारुति सियाज कार आगे जा रहे ट्रक में जा घुसी। हादसे में कार सवार दो चचेरे भाइयों समेत छह युवकों की मौत हो गई। सभी को मंगलवार देर रात दिल्ली लौटना था। मंगलवार को यह खुद तो नहीं पहुंचे, लेकिन सुबह मौत की सूचना मिलने के बाद रामनगर, शाहदरा स्थित घरों में कोहराम मच गया। चार दोस्त एक ही गली में रहते थे, जबकि दो अन्य भी पास के मोहल्ले में रहते थे। शुभम त्यागी की शादी के कार्ड भी बंट चुके थे।
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हादसे में पारस शर्मा, ताऊ के बेटे कुणाल शर्मा, दोस्त शुभम त्यागी, धीरज, विशाल और अमन की मौत हो गई। विशाल और अमन को छोड़कर चारों युवक परिवार में इकलौते बेटे थे। सभी युवक बहनों से वादा करके गए थे कि बुधवार को साथ मिलकर भाईदूज मनाएंगे। पारस परिवार के साथ गली नंबर-1, रामनगर में रहते थे। परिवार में पिता दीपक, मां संगीता के अलावा बहन आकांक्षा है। इसी मकान में पारस के ताऊ नवीन शर्मा परिवार के साथ रहते हैं। दीपावली मनाने के बाद पारस और कुणाल ने मसूरी घूमने की योजना बनाई। इसके लिए पारस ने मामा की सियाज घूमने के लिए मांगी। शुभम, धीरज, विशाल और अमन को साथ चलने के लिए तैयार किया। रात करीब 11 बजे वे घर से एक ही कार में निकल गए। इस बीच सुबह पांच बजे परिवार को पुलिस से उनकी मौत का पता चला। शुभम की नौ दिसंबर को शादी थी। इसके लिए परिवार तैयारी कर रहा था। शुभम के परिवार में पिता योगेंद्र, मां रीता और बहन प्राची है। शुभम एक बीमा कंपनी में काम करता था। रिश्तेदार ने बताया कि शादी के आधे से ज्यादा कार्ड बंट चुके थे। शुभम के माता-पिता बार-बार रो-रोकर बेहोश हो रहे थे। वहीं, धीरज के परिवार में पिता चंद्र सिंह, मां जानकी देवी, तीन बहनें अन्नू, निशा और सपना हैं। धीरज 12वीं पास करने के बाद निजी कंपनी में काम कर रहा था। विशाल परिवार के साथ रामनगर के पास मोतीराम रोड पर रहता था। परिवार में पिता मिंटाराम, मां अनीता के अलावा तीन भाई लक्की, लव, दिनेश और शादीशुदा बहन साक्षी है। अमन के परिवार में पिता मुंशीराम, मां, बहन अनीता, सुनीता, रानी, रेखा व मान हैं।
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