-अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पोक्सो अधिनियम की अदालत ने सुनाया फैसला
-बादलपुर कोतवाली क्षेत्र में 14 सितंबर, 2017 की घटना, पीड़िता का बयान बना अहम साक्ष्य
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पॉक्सो अधिनियम की अदालत ने नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ करने और जान से मारने की धमकी देने वाले युवक को तीन साल के कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 35 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड नहीं देने पर दोषी को अतिरिक्त कारावास की सजा भुगतनी होगी।
शासकीय अधिवक्ता ने बताया कि पीड़िता बादलपुर कोतवाली क्षेत्र की रहने वाली है। 14 सितंबर, 2025 की शाम करीब 5 बजे नाबालिग छात्रा स्कूल से घर लौट रही थी। तभी बिट्टू उर्फ भूरू निवासी महेंद्र एंन्क्लेव शास्त्री नगर गाजियाबाद ने बाइक से छात्रा का रास्ता रोक लिया और जबरन छेड़छाड़ की। जबरदस्ती छात्रा को बाइक पर बैठाने का प्रयास किया। शोर मचाने पर आसपास के लोग वहां पहुंच गए। जिसके बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
मामले में पीड़िता के पिता ने बादलपुर कोतवाली में केस दर्ज कराया था। मामला दर्ज करने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। जांच के बाद पुलिस ने चार्जशीट कोर्ट में दाखिल की। दिसंबर, 2017 में कोर्ट ने केस पर सुनवाई शुरू की। उन्होंने बताया कि मामले में कुल 7 गवाह पेश किए। सुनवाई के बाद कोर्ट ने आरोपी बिट्टू को दोषी करार दिया और तीन साल के कारावास की सजा सुनाई है। 35000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माना जमा नहीं करने पर साढ़े तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।