केएमपी पर लोगों ने बनाए अवैध कट, कभी भी हो सकती है दुर्घटना
- पैदल यात्री और दोपहिया वाहन चालक करते हैं शॉर्टकट का इस्तेमाल
- जिम्मेदार अधिकारियों का इस ओर नहीं हैं कोई ध्यान
अमर अमर ब्यूरो
तावडू। कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेसवे के किनारे लगाए गए ग्रिल को लोगों ने अपनी सुविधा के लिए जगह-जगह पर तोड़कर हटा दिया है। इससे एक्सप्रेसवे पर सफर करने वाले लोगों के लिए ये अवैध कट दुर्घटना का सबब बन गए हैं। अवैध कटों से पैदल यात्री, दोपहिया वाहन सवार के साथ-साथ पशुओं की टोली एक्सप्रेसवे पर चढ़ती है जिससे तेज रफ्तार वाहन चालक अक्सर अनियंत्रित होकर दुर्घटना का शिकार बन जाते हैं। लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों का इस तरफ तनिक भी ध्यान नहीं है।
तावडू उपमंडल से सटे गुजर रहे केएमपी के साथ लगभग दो दर्जनों गांव लगते हैं। लोगों ने अपनी सुविधा के लिए एक्सप्रेसवे पर सड़क के साथ लगी ग्रिल को तोड़कर कई जगहों पर कट बनाए हुए हैं। गलत तरीके से बनाए गए कटों को इस्तेमाल करने के कारण सफर करने वाले लोग दुर्घटना के शिकार हो जाते हैं। कांग्रेस नेता रोहताश बेदी का कहना है कि बने अवैध कट हादसों को न्योता दे रहे हैं। केएमपी से गुजरने वाले वाहन चालक सफर करते समय सकते में नजर आते हैं कि कहीं उनके साथ कोई बड़ा हादसा न हो जाए। एक्सप्रेसवे पर लगी लाइटें भी सिर्फ दिखावे के लिए ही हैं। उन्होंने जिम्मेदार अधिकारियों से केएमपी एक्सप्रेसवे में बनी खामियों को दूर करने की मांग की है।
केएमपी पर बने अवैध कट व रास्तों की वजह से वाहन चालकों को हो रही परेशानी से संबंधित खबर अमर उजाला ने गत 11 अगस्त के अंक में ‘केएमपी पर बने अवैध कट बन रहे लोगों के लिए खतरा’ नामक शीर्षक द्वारा प्रमुखता से प्रकाशित किया था। जिसके बाद अवैध कटों के प्रति आंखें मूंदे बैठे अधिकारियों की आंखें खुली और 19 अगस्त को एक्सप्रेसवे पर बने अवैध कट व रास्तों को बंद करने के साथ-साथ सड़क के साथ तोड़ी गई ग्रिल की वेल्डिंग कराकर ठीक कराया गया था। लेकिन अब दोबारा लोगों ने जगह जगह पर ग्रिल तोड़ अवैध कट बना लिए हैं।
फोटो कैप्शन: पी 1 गांव सबरस व डिंगरहेड़ी के बीच केएमपी पर बना अवैध कट।