हेडिंग: लापता छात्रा का शव मिलने की अफवाह पर लगाया जाम
रिजन व ग्रामीणों ने दिया दादरी कोतवाली पर धरना
नहर से शव निकलने पर परिजनों ने पहचान से किया इंकार
अमर उजाला ब्यूरो
जारचा। 4 दिसंबर से लापता बीएससी की छात्रा की बरामदगी की मांग को लेकर दादरी कोतवाली पहुंचे परिजन व ग्रामीण छात्रा का शव नहर में मिलने की अफवाह पर भड़क गए। आक्रोशित परिजन और ग्रामीणों ने कोतवाली में हंगामे के बाद एनएच-91 पर जाम लगा दिया। दादरी, बादलपुर, जारचा, सूरजपुर आदि थानों की पुलिस और पीएसी मौके पर पहुंच गई। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाबुझाकर जाम खुलवाया और परिजनों को नहर पर ले जाकर शव निकाला। जिसे देखकर परिजनों ने बेटी का शव होने से इंकार कर दिया। पुलिस ने परिजनों व ग्रामीणों को मामले में जल्द आरोपी की गिरफ्तारी व छात्रा की बरामदगी का आश्वासन दिया है।
गांव खटाना निवासी एक शख्स की छोटी बेटी बीएससी प्रथम वर्ष में है। कालेज की पढ़ाई के बाद दादरी में ही ट्यूशन पढ़ती है। 4 दिसंबर को छात्रा रोजाना की तरह कालेज आई थी, लेकिन न तो ट्यूशन पहुंची और न ही वापस घर लौटी। पड़ताल करने पर पता चला कि सुमित निवासी बीरपुरा थाना जारचा का फोन स्विच ऑफ है और वह भी घर से गायब है। इससे परिजनों ने 5 दिसंबर को सुमित के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी। परिजनों का आरोप है कि घटना को पांच दिन बीत गए हैं, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। इससे परिजन को अनहोनी की आशंका होने लगी। शनिवार को परिजन छात्रा की बरामदगी की मांग को लेकर अन्य ग्रामीणों के साथ ट्रैक्टर-ट्रालियों में सवार होकर कोतवाली पहुंच गए।
परिजन यहां प्रदर्शन कर रहे थे, तभी लगभग 11 बजे उन्हें किसी ने सूचना दी कि एक युवती का शव गांव के पास वाली नहर में दिखा है। शव से कपड़े गायब थे। इसे सुनते ही ग्रामीण व परिजन दुष्कर्म और हत्या की आशंका से भड़क गए और जीटी रोड पर जाम लगा दिया। परिजनों की मौजूदगी में शव बाहर निकलवाया गया, लेकिन उसे देखकर परिजनों ने अपनी बेटी का होने से इनकार कर दिया।
हालांकि, अब सवाल यह उठता है कि नहर से बरामद शव किसका है। जिस हालत में शव बरामद हुआ। दुष्कर्म के बाद हत्या की आशंका जताई जा रही है। एसपी देहात विनीत जायसवाल का कहना है कि मामले में आरोपी की गिरफ्तारी व छात्रा की बरामदगी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं। बरामद शव के पहचान के भी प्रयास किए जा रहे हैं।