किताब की बजाय डिजिटल स्टडी से पढ़ाई पर फीस में छूट
- इग्नू ने जुलाई 2018 सत्र से 15 फीसदी फीस माफी का दिया तोहफा
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। पर्यावरण को बचाने के लिए पेड़ जरूरी हैं और कागज का प्रयोग कम करने से ही पेड़ बचेंगे। इंदिरा गांधी नेशनल ओपन यूनिवर्सिटी ने पर्यावरण बचाने की अनोखी पहल शुरू की है। इसमें छात्र यदि किताब की बजाय ऑनलाइन स्टडी मैटेरियल लेता है तो उसकी 15 फीसदी फीस माफ हो जाएगी।
कुलपति प्रो. नागेश्वर राव ने रीजनल सेंटर के माध्यम से अपने लाखों छात्रों को पर्यावरण बचाने की मुहिम से जोड़ दिया है। फीस में छूट का तोहफा मिलने से छात्र खुश होकर किताब की बजाय ऑनलाइन या डिजिटल मैटेरियल से पढ़ाई के लिए तैयार हो रहे हैं। इग्नू ने अपनी वेबसाइट के माध्यम से भी छात्रों को इस नई योजना से जुड़ने का आह्वान किया है। इग्नू प्रबंधन के मुताबिक, विभिन्न डिग्री, डिप्लोमा व सर्टिफिकेट प्रोग्राम में छात्रों को पढ़ाई के लिए विश्वविद्यालय अपना तैयार पाठ्यक्रम पढ़ने को देता है। इग्नू का स्टडी मैटेरियल किताब के रूप में छात्रों को दिया जाता है। इसमें कागज का अत्यधिक प्रयोग होता है। कागज का प्रयोग बिल्कुल खत्म करने और छात्रों को डिजिटल या ऑनलाइन स्टडी मैटेरियल से पढ़ाई के प्रति जागरूक करने के लिए फीस में छूट का तोहफा दिया गया है। फीस में छूट मिलने से अधिकतर छात्र खुश होकर पर्यावरण बचाने की मुहिम से जुड़ जाएंगे।
डिजिटल स्टडी मैटेरियल लेने के इच्छुक छात्रों को इग्नू की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन करना होगा। यदि कोई छात्र ऑनलाइन आवेदन नहीं कर पाता है तो वह अपने रीजनल सेंटर में भी आवेदन कर सकता है। जिन छात्रों ने पहले फीस जमा करवा दी है और वे डिजिटल स्टडी मैटेरियल से पढ़ाई के इच्छुक होंगे तो उनकी 15 प्रतिशत फीस लौटा दी जाएगी।