देश के सबसे बड़ा 21वां सुरक्षा एक्सपो प्रगति मैदान में 5 अक्तूबर से शुरू होगा। इसमें दर्शक देश-विदेश की अत्याधुनिक सिक्योरिटी तकनीक से रूबरू होंगे। दर्शकों को ऐसे सुरक्षा उपकरण भी देखने को मिलेंगे, जिनकी मदद से देश की सुरक्षा व्यवस्था को चाक चौबंद बनाया जाता है। आईटीपीओ ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। एक्सपो 7 अक्तूबर तक चलेगा।
आईटीपीओ के सुरक्षा महाप्रबंधक अजय कुमार वशिष्ठ (डीआईजी सिक्योरिटी) ने बताया कि इस बार एक्सपो में अमेरिका, जापान, इजराइल, जर्मनी, चीन और ताइवान समेत अन्य देशों की कंपनियां विदेशी सुरक्षा उपकरणों के साथ एक्सपो में शामिल होंगी। इसके साथ ही सुरक्षा एक्सपो को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और प्रभावी बनाने के लिए 32 देशों के प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया गया है, जिन्हाेंने भारतीय सुरक्षा उपकरणों को खरीदकर अपने देशों की सुरक्षा व्यवस्था में शामिल करने में दिलचस्पी दिखाई है।
उन्होंने बताया कि एक्सपो में दर्शकों को भारत की आयुध निर्माण कंपनियों द्वारा तैयार किए गए सुरक्षा उपकरण भी देखने को मिलेंगे, जिन्हें देश की सुरक्षा के लिए भारतीय सैन्य बलों द्वारा प्रयोग किया जाता है। इस बार सुरक्षा एक्सपो को डिफेंस एक्सपो की तर्ज पर और आकर्षक बनाने की कोशिश की जा रही है, ताकि दर्शकों को सुरक्षा के नए-नए पहलुओं के बारे में पता लग सके।
इसके साथ ही एक्सपो में बंदूक, पिस्तौल, बीपी जैकेट्स, सीसीटीवी कैमरे, बार कोड मशीन, टेंट, इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम, जूते, साइबर सिक्योरिटी एंड फोरेंसिक साइंस, बुलेट प्रूफ उत्पाद, यूनिफार्म और ड्रोन समेत अन्य उपकरण देखने को मिलेंगे। इन उपकरणों में विदेशी उपकरण भी शामिल होंगे, जिनके बारे में विदेशी कंपनियों के प्रतिनिधि दर्शकों को जानकारी देंगे।
आईटीपीओ द्वारा सुरक्षा एक्सपो की तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं। इस बार एक्सपो प्रगति मैदान के हॉल-12 और 12ए में आयोजित होगा।