11 ने जीती कोरोना से जंग, घर पहुंचे
ग्रेटर नोएडा। नॉलेज पार्क के शारदा अस्पताल में 11 और संक्रमितों ने कोरोना से जंग जीत ली। लगातार दो निगेटिव रिपोर्ट आने के बाद रविवार को अस्पताल से सभी को डिस्चार्ज कर दिया गया। डिस्चार्ज होने वालों में एक 11 साल का बच्चा और 4 महिलाएं भी हैं। सभी को 14 दिन तक घर में क्वारंटीन रहने की सलाह दी गई है। वहीं डिस्चार्ज होने वाली दो महिलाओं ने लोगों से वायरस से नहीं डरने को कहा है। सभी के मोबाइल में आरोग्य सेतु ऐप डाउनलोड कराया गया है।
रविवार को अस्पताल से डिस्चार्ज होने वालों में नोएडा सेक्टर-8 जेजे कॉलोनी निवासी मोहम्मद अलताफ (18) व उसका भाई मोहम्मद सोहराब (11), बाला देवी (52) व गायत्री (17), नया बांस निवासी सुरेंद्र कुमार (55), दादूपुर निवासी विजेंद्र सिंह (54), सेक्टर 137 नोएडा निवासी अंजलि (22), सेक्टर-150 नोएडा निवासी अर्चना सिंह (41), याकूबपुर निवासी कृष्ण भोला शाहू (21), सेेक्टर-34 निवासी चरण (54) और खोड़ा कॉलोनी निवासी शारिक (24) शामिल है।
अस्पताल के प्रवक्ता अजित कुमार ने बताया कि अभी तक शारदा अस्पताल से 84 कोरोना पीड़ित ठीक होकर अपने घर जा चुके है। जबकि, 31 का इलाज चल रहा है। वहीं प्रभारी सीएमओ डॉ. दीपक ओहरी ने डीजीएमई के नोएडा अधिकारी डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार के साथ शारदा अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड का निरीक्षण किया। सभी मरीजों से हालचाल पूछा। अस्पताल प्रबंधन को सुविधाओं को ओर बेहतर बनाने के निर्देश दिए है। वहीं एक दिन पहले डिस्चार्ज हुए ग्रेटर नोएडा के दिल्ली स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत सेंट्रलाइज्ड एक्सीडेंट एंड ट्रामा सर्विसेज में असिस्टेंट एंबुलेंस अधिकारी के पद पर कार्यरत नवाब भाटी का ग्रेटर नोएडा की एडवोकेट सोसायटी में पुष्प देकर स्वागत किया।
तनाव मुक्त रहने के लिए करती थी डांस और खेलती थी अंताक्षरी
डिस्चार्ज होने वालों में मरीजों का अस्पताल के डॉक्टर और स्टाफ ने ताली बजाकर उत्साह बढ़ाया। अर्चना और अंजलि का कहना है कि अस्पताल में सभी मिलकर अंताक्षरी खेलते थे। साथ ही तनाव दूर करने के लिए डांस करती थीं। अर्चना ने कहा कि उनकी सोच हमेशा सकारात्मक रही। अस्पताल में आकर किसी को डरना नहीं चाहिए। अगर सांस लेने में दिक्कत नहीं है तो फिर घबराने की जरूरत नहीं है। वहीं अंजलि का कहना है कि यहां आने से पहले काफी तनाव में थीं, लेकिन अस्पताल में आकर सब दूर हो गया। उन्होंने कहा कि यह छोटा सा वायरस है, जल्द ठीक हो जाता है। डरने की जरूरत नहीं है।