दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शनिवार को एक टीवी न्यूज चैनल के कार्यक्रम में कोरोना वायरस पर बोलते हुए कहा कि हमें कोरोना के साथ जीने की आदत डालनी होगी। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन कोरोना वायरस का इलाज नहीं है बस ये इसको फैलने से रोकता है। उन्होंने कहा कि ऐसा कभी नहीं होगा कि कोरोना को एक भी केस भविष्य में फिर ना मिले।
केजरीवाल ने कहा कि कोरोना से जंग के लिए दिल्ली पूरी तरह से तैयार है। केंद्र सरकार को चाहिए कि वो अब अर्थव्यवस्था को खोलना शुरू करे। राज्यों से लॉकडाउन भी धीरे-धीरे खोलना शुरू करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो रेड जोन है केवल उन इलाकों को बंद रखना चाहिए बाकी इलाकों को खोलना चाहिए।
केजरीवाल ने कोरोना काबू पाने के लिए दिल्ली सरकार के एक्शन प्लान की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि लॉकडाउन में दिल्ली सरकार ने कोविड हेल्थ सेंटर बना लिए, पीपीई किट जमा कर लिए और टेस्ट किट का भी इंतजाम कर लिया है।
केजरीवाल ने बताया कि दिल्ली में केवल तीन कंटेनमेंट जोन में 60 फीसदी मौत हो रही हैं। उन्होंने कहा कि मरकज से कम से कम 3,200 लोगों को निकाला गया। इसमें से 1,100 लोग संक्रमित मिले और 700-800 विदेशों से आए लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई। उन्होंने कहा कि हमने 35 हजार से अधिक लोगों को होम क्वारनटीन किया था। अगर हमने शुरुआती कदम न उठाए होते तो दिल्ली में कोरोना वायरस के 25 से 30 हजार मामले होते।