सिटी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आदर्श कॉलोनी में सोमवार को नव विवाहित दंपत्ति की रहस्यमय हालात में मौत के बाद पुलिस जांच में जुट गई है। मंगलवार को दोनों के शवों पोस्टमार्टम किया गया।
दोनों का बिसरा सुरक्षित रख फोरेंसिक जांच के लिए मधुबन भेज दिया गया है। पोस्टमार्टम की पूरी प्रक्रिया को कैमरे में कैद किया गया। इसके बाद शवों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस मामले की तफ्तीश में जुटी है।
आदर्श नगर की गली नंबर आठ में सोमवार सुबह एक नव दंपत्ति अपने कमरे में मृत हालत में पाए गए थे। दीपक (25) का बायां हाथ फर्श पर रखी पानी से भरी बाल्टी में दो ईंटो से बंधा हुआ था जबकि विपरीत दिशा में उसकी पत्नी कोमल (22) मृत अवस्था में पड़ी थी।
पानी से भरी बाल्टी में करंट था। मृतक के भाई जितेंद्र ने पुलिस को दी शिकायत में बताया था कि दोनों ने आत्महत्या की है। दीपक के ससुर मोमराज, सास सुनीता और मौसी जगना शादी के बाद दोनों की जिंदगी में ज्यादा दखल देते थे।
जिसके कारण उन दोनों में अक्सर झगड़ा भी होता था। जिससे तंग आकर दोनों ने करंट लगाकर आत्महत्या कर ली। दंपत्ति के कमरे की दीवार पर लिखे संदेश में इन तीनों को मौत का जिम्मेदार ठहराया गया है।
सोमवार को ही पुलिस ने दीपक के सास, ससुर और मौसी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया था। हालांकि, इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं की गई है।हालांकि, इस मामले में कोमल के परिजनों ने आरोप को गलत ठहराते हुए हत्या की आशंका जताई है। मामला पेचिदा होते देख पुलिस ने हत्या और आत्महत्या के पहलू पर जांच शुरू कर दी है।
एसीपी अमन यादव ने बताया कि पोस्टमार्टम करा शवों को दोनों के परिजनों को सौंप दिया गया है। बिसरा जांच के लिए मधुबन लैब भेज दिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।
सात महीने में ही बिछड़े
पोस्टमार्टम के बाद दीपक का शव उसके परिजनों के हवाले कर दिया गया, जबकि कोमल का शव उसके परिजनों को सौंप दिया गया। अग्नि को साक्षी मानकर शादी के बंधन में बंधे दीपक और कोमल सात महीने में ही एक-दूसरे से जुदा हो जाएंगे, यह सोचकर हर कोई हैरान था।
आपसी विवाद के चलते दीपक के परिजन उसका शव अपने घर आदर्श नगर ले गए, जबकि कोमल का शव उसके परिजन अपने घर पर्वतीय कॉलोनी ले गए। दोनों का अंतिम संस्कार अलग अलग जगह किया गया।