हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के पर्वतीय इलाकों में रविवार को भारी हिमपात हुआ। जम्मू-कश्मीर के कई इलाकों में एक फुट से अधिक बर्फबारी होने से कई सड़क मार्ग बंद हो गए हैं। हिमपात से तीनों प्रदेशों के अधिकतर हिस्सों में पहली बार दिन का पारा सामान्य से गिरकर 10 डिग्री से नीचे आ गया है, जबकि रात का तापमान शून्य डिग्री से नीचे आने से कंपकंपा देनी वाली ठंड पड़ रही है।
हिमाचल प्रदेश में शिमला के कुफरी, सिरमौर के चूड़धार, नौहराधार, हरिपुरधार और चंबा के किलाड़ में सीजन की पहली बर्फबारी हुई, जबकि शिमला के रिज मैदान पर भी फाहे गिरे हैं। लाहौल-स्पीति में रोहतांग दर्रा, बारालाचा, कोकसर, सिस्सू, दारचा, जिस्पा, कुंजुम दर्रा समेत ऊंची चोटियों पर भी बर्फबारी हुई है। कुल्लू और बिलासपुर के नयना देवी में हल्की बूंदाबांदी हुई है। प्रदेश में दिनभर ठंडी हवाएं चलती रहीं, इससे पूरे प्रदेश का अधिकतम तापमान 5 से 6 डिग्री तक गिर गया है।
जम्मू-कश्मीर में भारी बर्फबारी से राजोरी और पुंछ को शोपियां (कश्मीर) से जोड़ने वाली मुगल रोड पर एहतियात के तौर पर वाहनों की आवाजाही बंद दी गई है। इसके साथ कश्मीर को लेह से जोड़ने वाला सिंथन मार्ग और किश्तवाड़-अनंतनाग मार्ग को बंद कर दिया गया है। विश्व विख्यात पर्यटन स्थल गुलमर्ग, जोजिला, कुपवाड़ा, माच्छिल, केरल, जेड गली, सिंथन टाप, पीर की गली, बंगस घाटी, टंगमर्ग सहित पुंछ के मुगल रोड क्षेत्र में बर्फबारी शुरू हुई। यहां चारों तरफ बर्फ की चादर बिछ गई है। मुगल रोड और सिंथन मार्ग पर कई जगह एक फुट से अधिक बर्फ गिरी है।
जमने लगे जलस्रोत
मुनस्यारी और धारचूला के उच्च हिमालयी क्षेत्रों में जलस्रोत जम गए हैं। दारमा और व्यास घाटियों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। मुनस्यारी के कालामुनि में पत्थरों पर पानी बर्फ बन रहा है। क्षेत्र में शनिवार से ठंड का प्रकोप बढ़ गया है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में रात में तापमान माइनस में जा रहा है।
अटल टनल और सिस्सू में बर्फबारी के बाद फिसलन से जाम, 100 पर्यटक किए रेस्क्यू
बर्फबारी के चलते अटल टनल और सिस्सू में सड़क पर फिसलन होने से वाहनों का जाम लग गया। जाम में फंसे 100 पर्यटकों को रेस्क्यू किया गया। गंगोत्री धाम के तीर्थपुरोहित सुधांशु सेमवाल ने बताया कि हवा के साथ हल्की बर्फबारी हो रही है, रात को अच्छी बर्फबारी की उम्मीद है।
चारों धाम सहित हर्षिल घाटी में सीजन की पहली बर्फबारी
उत्तराखंड में रविवार दोपहर बाद अचानक चारों धाम सहित हर्षिल घाटी में सीजन की पहली बर्फबारी हुई है। वहीं, निचले इलाकों में बारिश होने से तापमान गिरने से ठंड बढ़ गई। वहीं यमुनोत्री धाम में कड़ाके की सर्दी की वजह से गरुड़ गंगा का पानी जम गया है। प्राकृतिक झरने भी बर्फ बन गए हैं।
धाम से मोहन सजवाण ने बताया कि यमुनोत्री धाम सहित आसपास की चोटियां बर्फ की सफेद चादर से ढक गयी हैं। निचले इलाकों में बारिश हो रही है। उधर, केदारनाथ, मद्महेश्वर, तुंगनाथ सहित अन्य ऊंचाई वाले क्षेत्रों में रविवार को दोपहर बाद मौसम बदला और देर शाम को बर्फबारी शुरू हो गई।