सब कुछ ठीक रहा तो एनसीआर ऑटो का संचालन 10 दिसंबर से शुरू हो जाएगा। मंगलवार को परिवहन विभाग की ओर से शासन से प्राप्त एनसीआर ऑटो संचालन का शासनादेश जारी किया जाएगा। हालांकि गाइडलाइन पूरी करने में तीन-चार सप्ताह का वक्त लगेगा। गाइडलाइन पूरी करने के बाद आवेदन 1 दिसंबर से प्राप्त लिए जाएंगे और 5 दिसंबर से लोगों को परमिट मिलने शुरू हो जाएंगे।
दिल्ली-हरियाणा और एनसीआर के जिलों का सफर अब आसान हो जाएगा। परिवहन विभाग ने इसकी तैयारियां कर ली हैं। शासन ने इसके विधिवत आदेश जारी कर दिए हैं। शुरुआत में यूपी से 4500 ऑटो का संचालन किया जाएगा। इनका रंग-रूप सामान्य ऑटो से अलग होगा। जीपीएस से लैस एनसीआर ऑटो सफर को आसान करने के साथ ही सुरक्षित भी करेगा।
आरटीओ मयंक ज्योति ने बताया कि 25 नवंबर को शासनादेश पब्लिक के लिए जारी किया जाएगा। इसमें परमिट की गाइडलाइन, ऑटो का रंग-रूप और गाइड-लाइन, चालक-मालिक के लिए शर्तें, संचालन के नियम-रूट, सेफ्टी रूल्स, कंट्रोल रूम बनाने आदि की शर्तों को जारी किया जाएगा। शर्तों को पूरा करके और विधिवत प्रमाण पत्र प्राप्त करके व्यक्ति एनसीआर ऑटो का आवेदन कर सकेंगे।
1 दिसंबर से आवेदन फार्म प्राप्त कर मानकों के अनुरूप मिलने वालों की छंटनी होगी। पात्र मिलने वाले व्यक्तियों को इसकी सूचना दी जाएगी और वे एनसीआर की गाइडलाइन वाले रंग-रूप का ऑटो खरीद सकेंगे।
आरटीओ आफिस में आटो का पंजीकरण कराने के बाद इनके परमिट स्वीकृत किए जाएंगे। इन परमिटों को दिल्ली और हरियाणा परिवहन निगम को भेजा जाएगा। वहां से एनओसी मिलने के बाद ऑटो मालिकों को परमिट जारी किए जाएंगे। परमिट मिलने के बाद ऑटो चालक अपना जीपीएस कंट्रोल रूम तैयार करेंगे।
इसका आरआई द्वारा निरीक्षण करके रिपोर्ट आरटीओ को सौंपी जाएगी। ऑटो संचालन केंद्रों को नगर निगम तैयार कराएगा। ऑटो को संख्या के अनुसार संचालन केंद्रों का अधिकार जारी किया जाएगा। इसके बाद ही ऑटो का संचालन शुरु हो सकेगा।