हाईकोर्ट ने आठ साल पहले सड़क हादसे में पूरी तरह दिव्यांग हुए युवक को दो करोड़ रुपये मुआवजा देने का नेशनल इंश्योरेंस कंपनी को निर्देश दिया है। जस्टिस सुनील गौड़ ने नवदीप सिंह की मुआवजा याचिका पर सुनवाई के बाद याची के भविष्य के महंगे इलाज, शादी की संभावना खत्म होने, दर्द व पीड़ा तथा शरीर में आई विकृति को ध्यान में रखते हुए यह फैसला सुनाया है।
निचली अदालत ने मुआवजा याचिका पर सुनवाई के बाद केवल 65 लाख रुपये मुआवजा देने का निर्देश दिया था। इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी।
याचिका पर सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने याची को एक करोड़ 65 लाख रुपये मुआवजा नौ फीसदी ब्याज समेत देने का निर्देश दिया है। यह राशि कुल मिलाकर करीब दो करोड़ रुपये बनती है।
याचिका पर जिरह करते हुए अधिवक्ता वरुण सरीन ने कहा कि जिस समय यह हादसा हुआ तब याची नवदीप सिंह की उम्र केवल 19 वर्ष थी और वह डीयू में बीकॉम प्रथम वर्ष का छात्र था।