सेक्टर-107 में भूमि अधिग्रहण रद्द करने के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट में चल रही सुनवाई में जल्द फैसला आ सकता है। मंगलवार को हुई सुनवाई में याचिकाकर्ता महर्षि प्रबंधन ने अपना पक्ष रखने के लिए और समय मांगा, जिस पर अदालत ने नाराजगी व्यक्त की।
कोर्ट ने कहा कि इस संबंध में पहले ही याचिकाकर्ता को काफी समय दिया जा चुका है। आखिरी मौका देते हुए कोर्ट ने 26 मई तक का समय दिया है। साथ ही यह भी कहा कि याचिकाकर्ता ने अपना पक्ष नहीं रखा तो अदालत मौजूदा रिकार्डों के आधार पर फैसला सुना देगी।
दूसरी तरफप्राधिकरण की ओर से अपना वकील नियुक्त न करने पर बायर्स ने निराशा जताई है। बायर पुनीत पराशर ने बताया कि प्राधिकरण चेयरमैन और दूसरे अधिकारियों के साथ बैठक में तय किया गया था कि प्राधिकरण, बायर्स और बिल्डर तीनों मिलकर इस मामले में पैरवी करेंगे, लेकिन प्राधिकरण का वकील कहीं नजर नहीं आया।