पूर्व रक्षा मंत्री व गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर परिकर के निधन पर जहां देश में राष्ट्रीय शोक घोषित था, वहीं नगर निगम कर्मचारियों ने निगम परिसर में ही महिला कलाकारों से जमकर ठुमके लगवाए। होली मिलन समारोह आयोजित कर मंच पर फूहड़ता भरा डांस किया गया।
इस कार्यक्रम में महापौर आशा शर्मा, नगर आयुक्त दिनेश चंद्र समेत कई पार्षद भी बतौर अतिथि शामिल हुए थे। हालांकि मामला मीडिया में छाया तो महापौर ने खानापूर्ति कर नगर आयुक्त को जांच कराकर कार्रवाई कराने के निर्देश दिए हैं।
नगर निगम कर्मचारी संघ हर साल निगम परिसर में ही होली मिलन समारोह आयोजित करता है। हर बार इस कार्यक्रम में महिला कलाकारों के ठुमके लगते हैं। निगम के पार्षदों और अधिकारी भी इससे अनजान नहीं हैं।
सोमवार को यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। इससे एक दिन पहले रविवार को पूर्व रक्षा मंत्री व गोवा के सीएम मनोहर परिकर के निधन की वजह से भारत सरकार ने राष्ट्रीय शोक घोषित कर दिया था। बावजूद इसके नगर निगम में आयोजित होने वाले होली मिलन समारोह को स्थगित नहीं किया गया।
महापौर आशा शर्मा, नगर आयुक्त दिनेश चंद्र, निगम कार्यकारिणी समिति के उपाध्यक्ष सुनील यादव, भाजपा पार्षद राजेंद्र त्यागी, साक्षी नारंग समेत कई पार्षद और अधिकारी इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे। उन्होंने भी कार्यक्रम को रद्द नहीं कराया।
उनके कार्यक्रम से चले जाने के बाद यहां पहले भजनों पर कलाकारों ने ठुमके लगाए और इसके बाद रागिनी कलाकारों ने फूहड़ता भरा डांस कर मर्यादाओं को तोड़ा। राष्ट्रीय शोक का भी नगर निगम कर्मचारियों और अधिकारियों ने सम्मान नहीं किया।
चुन्नी ओढ़ कर कर्मचारियों ने भी किया डांस
महिला कलाकारों के साथ ठुमके लगाने में नगर निगम कर्मचारी भी पीछे नहीं रहे। कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष हरेंद्र नागर, कर्मचारी नेता चौब सिंह, संजय शर्मा समेत तमाम कर्मचारी ठुमके लगाते नजर आए। महिला कलाकारों की चुन्नी ओढ़कर उन्होंने उनके बीच जाकर ठुमके लगाए। अन्य कर्मचारी उनका वीडियो बनाते नजर आए।
हमने कार्यक्रम के शुरू होते ही परिकर जी की आत्मा शांति के लिए दो मिनट का मौन रखवाया और फिर कार्यक्रम समाप्ति की घोषणा कराकर चले आए थे। यह नगर निगम का कार्यक्रम भी नहीं था, कर्मचारियों ने आयोजित किया था। जानकारी मिली है कि बाद में रागिनी कार्यक्रम किया गया है, यह गलत है। इसकी जांच और कार्रवाई के लिए नगर आयुक्त को पत्र भेजा गया है।
-आशा शर्मा, महापौर
कार्यक्रम पूर्व निर्धारित था, कलाकारों की टीम भी आ चुकी थी। राष्ट्रीय शोक के बाद संक्षिप्त कर दिया गया था। यह जानकारी नहीं थी कि पर्व मनाने और समारोह आयोजन पर रोक है या नहीं। जैसे ही रागिनी कलाकार ने डांस करना शुरू किया उसे तत्काल रोक दिया गया था। सिर्फ भजनों पर कलाकारों ने नृत्य किया।
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हरेंद्र नागर, अध्यक्ष, निगम कर्मचारी संघ व आयोजक