राजौरी गार्डन इलाके में सोमवार रात एक दिल दहला देने वाली घटना में एक महिला ने अपनी ढाई साल की बेटी की हत्या करने के बाद खुदकुशी कर ली। महिला के पास से एक सुइसाइड नोट मिला है।
जिसमें बेटी की बीमारी से परेशान होकर यह कदम उठाने की बात लिखी है। साथ ही मां-बेटी को एक ही चिता पर जलाने का जिक्र भी सुसाइड नोट में किया गया है।
पुलिस बेटी और मां के शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप कर मामले की जांच कर रही है। विधि (35) पति प्रदीप और ढाई साल की बेटी हरनूर के साथ एमआईजी फ्लैट राजौरी गार्डन में रहती थीं।
खिड़की से उनसे पत्नी को पंखे से लटका हुआ देखा
प्रदीप गाजियाबाद स्थित एक प्राइवेट कंपनी में काम करता है। सोमवार रात करीब 9:45 बजे प्रदीप अपने घर पहुंचा। उसने कमरे का दरवाजा बंद पाया। खिड़की से झांकने पर उसने अपनी पत्नी को पंखे से लटका हुआ देखा।
आस पड़ोस के लोगों की मदद से प्रदीप ने दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचा। उसकी बेटी भी बिस्तर पर बेसुध पड़ी थी। घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंच गई।
पुलिस ने मां बेटी को पास के अस्पताल में ले गई। जहां डॉक्टरों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया। मौके पर मिले सुइसाइड नोट में लिखा है कि उसकी बेटी काफी दिनों से बीमार है।
इसी वजह से बेटी की हत्या करने के बाद कर रही है खुदकुशी
इलाज करवाने के बावजूद उसमें कोई सुधार नहीं हो रहा है। जिसकी वजह से वह काफी परेशान हो गई है। इसी वजह से वह अपनी बेटी की हत्या करने के बाद खुदकुशी कर रही है।
उसने घटना को अंजाम देने के लिए खुद को जिम्मेदार ठहराया है। उसने अपने सारे जेवरात गरीबों को बांटने की बात लिखी है। जांच के बाद पुलिस ने बताया कि पश्चिमपुरी की रहने वाली विधि की नौ साल पहले प्रदीप से शादी हुई थी।
पुलिस ने विधि की मां और बहन को घटना की जानकारी दी। विधि की मां और बहन ने किसी तरह का कोई आरोप नहीं लगाया है।
बेटी का नहीं हुआ था मानसिक विकास
जांच में पता चला कि विधि की बेटी हरनूर का मानसिक विकास नहीं हो पाया था। ढाई साल की होने के बावजूद अब तक वह बैठ नहीं पाती थी।
हरनूर के पिता के मुताबिक बेटी का कई डॉक्टरों ने इलाज करवाया था, लेकिन उसके स्वास्थ्य में कोई सुधार नहीं हो रहा था। बेटी की इस स्थिति की वजह से मां बेहद परेशान थी।
विधि ने अपने सुइसाइड नोट में कहा है कि बेटी का इलाज करवाकर वह थक चुकी है और इसी वजह से वह यह कदम उठा रही है।