भाजपा विधायकों ने चेतावनी दी है कि विधानसभा सत्र के दौरान अगर अनुच्छेद 370 पर चर्चा नहीं हुई तो वे इसका पुरजोर विरोध करेंगे। बुधवार को मीडिया से वार्ता में नेता प्रतिपक्ष विजेंद्र गुप्ता ने कहा कि स्पीकर रामनिवास गोयल को पत्र लिखकर सत्र के पहले दिन अनुच्छेद-370 पर चर्चा करने की मांग की गई है, लेकिन अब तक जवाब प्राप्त नहीं हुआ है।
पत्र पर उनके अलावा भाजपा विधायक ओमप्रकाश शर्मा, मनजिंदर सिंह सिरसा एवं जगदीश प्रधान ने भी हस्ताक्षर किए हैं। इसकी अनुमति नहीं मिलती है तो वे इसका पुरजोर विरोध करेंगे। हालांकि बातचीत में विजेंद्र गुप्ता ने उम्मीद जताई कि उनकी मांग पूरी जरूर की जाएगी।
इसके अलावा भाजपा कई मुद्दों पर सरकार को घेरेगी। भाजपा के अनुसार, मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने चुनावी घोषणा पत्र में जनता से लंबे-चौड़े वादे किए थे, लेकिन अब तक इन्हें पूरा नहीं किया गया। इनमें 500 नए स्कूलों की स्थापना, अस्पतालों में बिस्तरों की क्षमता 30 हजार करने, 900 प्राइमरी हेल्थ सेंटर खोलने, 20 नए डिग्री कॉलेज, 2 लाख सार्वजनिक शौचालय बनाने, सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट, दिल्ली में फ्री वाईफाई, 10 हजार बसों की खरीदी, 55 हजार खाली पदों पर नियुक्तियां, 4 हजार डॉक्टर व 15 हजार नर्सों के नियमितीकरण करना इत्यादि शामिल है। विजेंद्र गुप्ता ने एक सवाल के जवाब में कहा कि सरकार के पास अब उसके कार्यकाल के कुछ ही महीने शेष बचे हैं। भाजपा की ओर से सदन में 51 प्रश्न पूछे जाएंगे, जो अलग-अलग क्षेत्र से जुड़े हैं।