फिरोजपुर झिरका में इन दिनों बंदरों का आंतक लोगों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। इनके काटने के आए दिन शहर में मामले में बढते जा रहें है। पिछले दिनों भी बंदरों ने तीन बच्चों सहित अपनी छतों पर कपडे़ सुखा रही दो महिलाओं को काटकर उन्हें बुरी तरह घायल कर दिया।
इसे लेकर स्थानीय लोगों ने कई बार नगर पालिका को शिकायत भी की लेकिन फिर भी बंदरों के आंतक से लोगों को छुटकारा नही मिल रहा है। यहां के यूसुफ एडवोकेट, इसलाम, ताहिर, हाकम, संदीप अग्रवाल, धर्मपाल सेठी आदि ने बताया कि शहर में आए दिन बंदरों की संख्या बढती जा रही है।
लोगों का आरोप है स्थानीय नगर पालिका की लापरवाही के चलते गुडगांव, फरीदाबाद, दिल्ली सहित अन्य शहरों के लोग यहां के पहाड़ों में बंदरों को छोड जाते हैं। पहाड़ों के शहर से सटे होने के चलते बंदर उनके घरों में घुसकर जरूरी समान को उठाकर ले जाने के साथ ही उनके घरों में तोड़फोड़ कर जाते हैं।
उत्पाती बंदरों की बढ़ती घटनाओं से लोग अब भय के माहौल में जी रहे हैं। लोगों ने एसडीएम फिरोजपुर झिरका व नपा सचिव को पत्र लिखकर बंदरों के आंतक से निजात दिलाने की गुहार लगाई है। वहीं नगर पालिका सचिव बलराम मंगला ने कहा कि अगले सप्ताह से शहर भर में बंदर पकडो़ अभियान चलाया जाएगा और शहर को बंदरों से मुक्त कराया जाएगा।