बकाया गन्ना भुगतान को लेकर सोमवार दोपहर प्रशासन ने यूके मोदी ग्रुप की मोदी डिस्टलरी सील कर दी। इससे नाराज डिस्टलरी और मोदी शुगर मिल के मजदूर भड़क गए और उन्होंने तौल बंद करके हंगामा करना कर दिया।
अचानक गन्ना तौल बंद होने से लाइन में लगे सैकड़ों किसान भी हंगामा करने लगे। इस कारण मिल परिसर में 5 घंटे तक अफरातफरी रही।
प्रशासनिक, गन्ना विभाग और पुलिस अधिकारियों ने श्रमिक यूनियन के पदाधिकारियों, किसानों व मिल प्रतिनिधि से वार्ता की।
प्रशासन की ओर से गन्ना तौल शुरू कराने और मजदूरों को सीलिंग की अवधि का वेतन दिलाने का आश्वासन पर प्रदर्शनकारी शांत हुए।
माहौल बिगाड़ने के आरोप में प्रशासनिक अधिकारियों ने समाचार लिखे जाने तक मिल प्रबंधन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की कार्रवाई शुरू कर दी थी। पुलिस तौल शुरू कराने के लिए संबंधी मिल अधिकारियों के घरों पर दबिश दे रही थी।
सोमवार दोपहर तीन बजे एसडीएम यशु रुस्तुगी, जिला गन्ना अधिकारी नमिता कश्यप, ज्येष्ठ गन्ना निरीक्षक दिलीप सिंह, गन्ना समिति के सचिव सर्वजीत सिंह, सप्लाई इंचार्ज नीरज कुमार, तहसीलदार कमलेश सिंह ने मोदी डिस्टलरी सील कर दी थी।
इससे नाराज डिस्टलरी और शुगर मिल के मजदूर प्रशासन के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए हाईवे तक पहुंच गए। मगर पुलिस ने मजदूरों को मिल परिसर में खदेड़कर जाम नहीं लगने दिया।
वहीं, सुबह से गन्ना बुग्गी लेकर लाइन में खड़े किसानों ने भी हंगामा कर दिया। एडीएम उदय सिंह एवं एसपीआरए जगदीश शर्मा मौके पर पहुंचे और किसानों व श्रमिक यूनियन के पदाधिकारियों से वार्ता की।
दो घंटे चली बैठक में अधिकारियों ने सीलिंग के दौरान भी मजदूरों को वेतन दिलाने और किसानों का गन्ना तुलवाने का आश्वासन दिया। तब जाकर पांच घंटे तक चला हंगामा शांत हुआ।
मोदी डिस्टलरी में 400 मजदूर व मोदी शुगर मिल में 3600 मजदूर कार्यरत हैं। श्रमिक नेता अनिल त्यागी, अरुण तोमर और रामवीर सिंह कहना है कि प्रशासन मिल पर कार्रवाई करें।
एसएमएस पढ़ पहुंचे किसान प्रतिनिधि
मोदी डिस्टलरी सील होते ही मोदी शुगर मिल की ओर से किसानों को पेराई बंद करने संबंधी एसएमएस किया गया।
इसकी सूचना मिलते ही किसान प्रतिनिधि अमरजीत बिड्डी, हरेंद्र नेहरा, नेपाल सिंह, सतेंद्र तोमर, बिट्टू खंजरपुर आदि मिल में पहुंच गए थे। उन्होंने पेराई सत्र जारी रखने की मांग की।
मोदी शुगर मिल प्रबंधन प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान मजदूरों को भड़काकर हंगामा कराने का दोषी है। इस कारण मिल प्रबंधन के विरु द्ध धोखाधड़ी की रिपोर्ट और एनएसए के तहत कार्रवाई की जाएगी। - जगदीश शर्मा, एसपी देहात, गाजियाबाद
गन्ना भुगतान के लिए कार्रवाई चल रही है। चीनी बिक्री के आधार पर पेमेंट हो रहा है। - वीके जैन मैनेजर, कामर्शियल, मोदी शुगर मिल