फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दिल्ली में खौफनाक मर्डर: एक थप्पड़ की कीमत लक्की को जान देकर चुकानी पड़ी, हमलावरों ने दौड़ा-दौड़कर चाकू मारे

Thu, 25 Jun 2026 09:18 PM IST
विकास कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

लक्की की मौत के बाद हमला करने वालों के दूसरे समुदाय से होने का खुलासा होने पर वहां का तनाव फैल गया। वहां सैकड़ों की संख्या में लोग जमा हो गए। लोगों ने मौके पर पहुंचे जिला पुलिस उपायुक्त के सामने ही पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
विज्ञापन
दिल्ली में सनसनीखेज वारदात - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

दिल्ली के सीलमपुर इलाके में थप्पड़ मारने का बदला लेने के लिए नाबालिगों ने 17 साल के नाबालिग पर चाकू से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। पीड़ित नाबालिग खुद को बचाने के लिए भागा, लेकिन आरोपियों ने दौड़ा दौड़ा कर उस पर तब तक चाकू से हमला करते रहे, जब तक उसकी मौत नहीं हो गई। नाबालिग की शिनाख्त लक्की के रूप में हुई है। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर घटना के कुछ ही घंटे बाद दो नाबालिग आरोपियों को पकड़ लिया। पुलिस ने इनके कब्जे से चाकू व बाइक बरामद की है।

विज्ञापन

उत्तर पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त राहुल अलवाल ने बताया, बुधवार रात करीब नौ बजे वारदात की जानकारी मिली। लक्की गौतमपुरी इलाके में परिवार के साथ रहता था। परिवार में बहन-दो भाई व अन्य सदस्य हैं। माता पिता की पहले की मौत हो चुकी है। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर लिया।

पुलिस ने स्पेशल स्टाफ के निरीक्षक अरविंद और थाना प्रभारी नरपाल सिंह के नेतृत्व में टीम गठित की। टीम ने सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल कर आरोपियों के बारे में जानकारी जुटाई और गुप्त सूचना पर 15-16 साल के दो नाबालिग आरोपियों को पकड़ लिया। पूछताछ के दौरान आरोपियों ने बताया कि वह एक दूसरे को अच्छे से जानते थे। लक्की ने कुछ दिन पहले झगड़े के दौरान नाबालिग आरोपी को थप्पड़ मार दिया था। जिसका बदला लेने के लिए उसने दोस्तों के साथ वारदात को अंजाम दिया। पुलिस भागे हुए तीसरे आरोपी को पकड़ने के लिए दबिश दे रही है।
विज्ञापन

इलाके में तनाव, अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
लक्की की मौत के बाद हमला करने वालों के दूसरे समुदाय से होने का खुलासा होने पर वहां का तनाव फैल गया। वहां सैकड़ों की संख्या में लोग जमा हो गए। लोगों ने मौके पर पहुंचे जिला पुलिस उपायुक्त के सामने ही पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि इलाके में देर रात तक बाजार खुली रहती है, लेकिन पुलिस की गश्त नहीं होती। लोगों ने पुलिस उपायुक्त से आरोपियों का एनकाउंटर करने की मांग की। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि यह वारदात सांप्रदायिक नहीं है। हमलावर और मृतक एक दूसरे को जानते थे और आपसी विवाद की वजह से हत्या की गई है। ऐसे में माहौल खराब न हो इसके लिए इलाके में एहतियात तौर पर सुरक्षाबलों को तैनात कर दिया गया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें