किसान आंदोलन का असर लगातार दूसरे दिन शुक्रवार को भी दिल्ली मेट्रो की सेवाओं पर पड़ा। एनसीआर से दिल्ली के लिए दिनभर किसी रूट पर कोई मेट्रो नहीं चली। वहीं, बहादुरगढ़ बॉर्डर पर हंगामा बढ़ने के बाद ग्रीन लाइन के कई स्टेशन बंद कर दिए गए। इससे यात्रियों का परेशानी का सामना करना पड़ा। खासकर, एनसीआर से दिल्ली आने वाले नौकरीपेशा लोगों को, जो बार्डर बंद होने से वाया सड़क भी दिल्ली नहीं पहुंच सकते थे। दिल्ली पुलिस की तरफ से किसानों के लिए बुराड़ी में जगह देने के बाद शाम करीब 5:15 बजे मेट्रो की सेवाएं सामान्य हो सकीं।
इससे पहले बृहस्पतिवार की ही तरह शुक्रवार को भी मेट्रो ने एनसीआर से दिल्ली के लिए मेट्रो न चलने की जानकारी दे दी थी। दिल्ली की तरफ से मेट्रो एनसीआर के शहरों में जा रही थीं, लेकिन दूसरे ट्रैक पर एनसीआर से दिल्ली की तरफ चलने वाली मेट्रो पुलिस की सलाह पर बंद रखी गई थी। आशंका थी कि एनसीआर से मेट्रो चलने पर किसान आंदोलनकारी दिल्ली पहुंच सकते हैं। इससे नई दिल्ली इलाके में दिक्कत हो सकती है।
उधर, सुबह बहादुरगढ़ बॉर्डर पर दिल्ली पुलिस व किसानों के बीच झड़प होने से मेट्रो के कई स्टेशन बंद करने का फैसला मेट्रो ने लिया। ग्रीन लाइन पर ब्रिगेडियर होशियार सिंह, बहादुरगढ़ सिटी, श्रीराम शर्मा, टिकरी बॉर्डर, टिकरी कलां, घेवरा स्टेशन के एंट्री और एग्जिट गेट को बंद कर दिया गया। पुलिस ने जब किसानों को प्रवेश की इजाजत दे दी, उसके बाद ही मेट्रो सेवाएं सामान्य हो सकीं। मेट्रो का कहना है कि शाम 5.35 से मेट्रो सामान्य रूप से चल रही है। शनिवार से सभी लाइन पर मेट्रो की सेवाएं सामान्य रहेंगी।