दिल्ली के गिरते तापमान के कारण राष्ट्रीय राजधानी की बिजली मांग लगातार बढ़ रही है। गर्मी के दौरान भी इस साल दिल्ली में 8656 मेगावाट पीक बिजली की मांग देखी गई थी। स्टेट लोड डिस्पैच सेंटर (एसएलडीसी) के अनुसार मंगलवार सुबह 10:50 बजे 5213 मेगावाट दर्ज की गई। सोमवार को यह मांग 5046 मेगावाट थी।
बिजली की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए बीएसईएस डिस्कॉम और टाटा पॉवर ने भी अपने तरफ से कमर कस ली है। अप्रत्याशित रूप से मांग बढ़ जाती है तो इसके लिए अल्पकालिक बिजली सुरक्षित करने की तैयारी है। टाटा पावर दिल्ली डिस्ट्रीब्यूशन लिमिटेड (टाटा पावर-डीडीएल) ने इस सर्दी के मौसम में आज 1646 मेगावाट की पीक पावर डिमांड, जो अब तक की सबसे अधिक है। उसको बिना किसी पावर कट या नेटवर्क समस्या के सफलतापूर्वक पूरा किया।
सर्दियों के मौसम के लिए अपने पावर नेटवर्क को मजबूत करके और सभी महत्वपूर्ण इलेक्ट्रिकल इंस्टॉलेशन का प्रिवेंटिव और कंडीशन-बेस्ड मेंटेनेंस करके उचित इंतजाम किए हैं। वितरण नेटवर्क के महत्वपूर्ण स्थानों पर अतिरिक्त स्टाफ तैनात किया गया है और कॉल सेंटर स्टाफ को भी सतर्क किया गया है ताकि ग्राउंड स्टाफ के साथ समन्वय कर शिकायतों का तेज समाधान सुनिश्चित किया जा सके।