ग्रेटर नोएडा में सूरजपुर कोतवाली के औद्योगिक क्षेत्र साइट-सी स्थित ओसिस वेनेटिया बिल्डर साइट पर मंगलवार दोपहर बाइक सवार दो नकाबपोश बदमाशों ने मार्केटिंग मैनेजर पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं।
उन्हें पहले ग्रेटर नोएडा और उसके बाद नोएडा के अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। उधर, परिजनों ने किसी से भी रंजिश से इंकार किया है। पुलिस ने अज्ञात हमलावरों पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के मुताबिक, मूलरूप से नई दिल्ली में बुराड़ी के हरित विहार में संत नगर निवासी राजीव वर्मा (38) लगभग आठ वर्षों से ओसिस बिल्डर के यहां काम कर रहे हैं। फिलहाल वह मार्केटिंग प्रबंधक के पद पर कार्यरत थे।
बिल्डर की सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र में साइट सी, बिसरख, यमुना एक्सप्रेस वे किनारे अलग-अलग साइटें हैं। राजीव पांच दिन अवकाश के बाद मंगलवार दोपहर साइट सी स्थित ऑफिस पर पहुंचे। जैसे ही कार से नीचे उतरे बाइक पर आए दो बदमाशों ने उन्हें रोककर ताबड़तोड़ गोलियां मारीं और फरार हो गए।
साइट पर कार्यरत शुभम, योगपाल आदि ने बदमाशों को देखा लेकिन कुछ कर नहीं पाए। वे राजीव को तुरंत ग्रेटर नोएडा के कैलाश अस्पताल लेकर पहुंचे। यहां से उन्हें नोएडा के कैलाश अस्पताल रेफर कर दिया गया।
सूचना पर एसएसपी वैभव कृष्ण, एसपी देहात रणविजय सिंह और सीओ तनु उपाध्याय अस्पताल व घटना स्थल पर पहुंचे। बिल्डर व कर्मियों से पूछताछ की लेकिन कोई भी घटना के पीछे के कारणों या फिर राजीव की किसी से रंजिश के बारे में जानकारी नहीं दे पाया। इसके चलते मामला अज्ञात बदमाशों पर दर्ज किया गया।
पेशेवर थे बदमाश
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक बदमाशों ने जिस तरीके से घटना को अंजाम दिया, उससे लगता है कि वे पेशेवर हैं। इसलिए सुपारी देकर वारदात की आशंका से भी इंकार नहीं किया जा सकता। बदमाशों ने चेहरे पूरी तरह ढक रख थे। वहीं, उन्हें राजीव के साइट पर पहुंचने के सटीक जानकारी थी।
आशंका ये भी है कि किसी ने रेकी की हो या फिर बदमाश पहले से कहीं घात लगाए उनके आने का इंतजार कर रहे हों। एक बदमाश बाइक चलाकर आया था और ऐसे ही लौटा, जबकि दूसरे ने उतरते ही ताबड़तोड़ गोलियां बरसाई थी।
अज्ञात बदमाशों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया है। तीन टीमें बदमाशों की पहचान व गिरफ्तारी के लिए लगा दी गई हैं। वारदात के कारणों का भी पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। फिलहाल परिजनों ने रंजिश से इंकार किया है।
- वैभव कृष्ण, एसएसपी, गौतमबुद्धनगर