मनीष सिसोदिया ने कहा कि विपक्षी नेताओं और व्यापारियों के खिलाफ सीबीआई, ईडी जैसी एजेंसियों के दुरुपयोग पर आज पूरे देश में, कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक जनता भाजपा को कोस रही है। पूरी दुनिया में जो क़ानून आतंकवादियों और ड्रग माफियाओं पर लगाए जाते हैं, वही क़ानून बीजेपी वालों ने मुझ पर और पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल पर लगाकर जेल भेजा।
उन्होंने कहा कि बात सिर्फ़ हमारी नहीं है, 2015 से हमारी पार्टी के नेताओं और विधायकों पर किस तरह और कितने झूठे केस लगाए, इनमें से कुछ का ज़िक्र मैंने आज दिल्ली विधानसभा में किया। मुझे कस्टडी में रखकर पूछताछ करने वाले अफसरों ने बताया कि भाजपा वाले ईडी-सीबीआई के पीछे पड़े हुए थे कि कथित शराब घोटाले को 10 हजार करोड़ का घोटाला बनाओ। लेकिन जांच एजेंसियों के अफसरों ने कहा कि जब किसी के पास से एक भी चवन्नी नहीं मिली, तो कैसे बना दें?
असली नुकसान दिल्ली और देश को हुआ
मनीष सिसोदिया ने आगे कहा, मुझे 17-18 महीने जेल में रखा गया और इसका असली नुकसान दिल्ली और देश को हुआ। दिल्लीवालों ने भरोसा करके अरविंद केजरीवाल को मुख्यमंत्री बनाया, और उन्होंने मुझे शिक्षा मंत्री की जिम्मेदारी दी। अगर मैं जेल के बाहर होता, तो इनकी तानाशाही के खिलाफ और आवाजों के साथ मिलकर अपनी आवाज मुखर कर सकता था।