दक्षिण जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार एक छात्रा गोविंदपुरी (15), दूसरी ग्रेटर कैलाश (15) व तीसरी चिराग दिल्ली (14) में रहती हैं। ये डिफेंस कॉलोनी स्थित सरकारी स्कूल में दसवीं कक्षा में पढ़ती हैं। ये छात्राएं 6 अगस्त को स्कूल से मुंबई जाने के लिए निकली थीं। ये साथ में अपने कपड़े व दो-दो हजार रुपये ले गई थीं। ये ऑटो से नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंचीं। यहां पर इनको प्रकाश नाम का आरोपी मिला। इन्होंने प्रकाश से मुंबई की ट्रेन पूछी। उसने बताया कि मुंबई के लिए आज कोई ट्रेन नहीं जाएगी। उसने कहा कि मुंबई के लिए कल ट्रेन जाएगी। छात्राओं ने कल तक किसी ओयो होटल में रूकने की बात कही तो आरोपी अपने बहन के घर ले जाने के बहाने छात्राओं को बेगमपुर ले गया।
यहां पर घर में ज्योति, रूकसाना, बंगाली लाल शर्मा व संदीप पहले से मौजूद थे। आरोप है कि यहां छात्राओं को जबरदस्ती शराब पिलाई गई। इसके बाद उन्हें नशे की गोलियां दी गईं। इसके बाद आरोपी प्रकाश ने तीनों छात्राओं के साथ बारी-बारी से नशे की हालत में दुष्कर्म किया। वह आठ अगस्त को शादी का झांसा देकर छात्राओं को चंडीगढ़ ले जाने की बात कहकर घर से निकला। दरअसल वह छात्राओं को बेचने चंडीगढ़ ले जा रहा था। किसी तरह बचकर ऑटो से करोल बाग पहुंचीं और इसके बाद पुलिस को सूचना दी।
नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से अगवा कर तीन छात्राओं के साथ दुष्कर्म के मामले में दिल्ली महिला आयोग ने दिल्ली पुलिस को नोटिस भेजा है। महिला आयोग ने पुलिस को 14 अगस्त तक नोटिस का जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। नोटिस में आयोग ने पुलिस से मामले की एफआईआर की कॉपी मुहैया करने के लिए कहा है। साथ ही गिरफ्तार और फरार आरोपियों की जानकारी, फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए उठाए जा रहे कदम के बारे में अवगत करवाने के लिए कहा है।
नोटिस में आयोग ने पूछा है कि छात्राओं को चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (सीडब्ल्यूसी) में पेश किया गया है या नहीं। आयोग सीडब्ल्यू के सभी आदेशों की प्रति उपलब्ध करवाने के लिए कहा है। मामले में अब तक की गई कार्रवाई से अवगत करवाने के लिए कहा है। आयोग ने रेलवे स्टेशनों और उसके आस पास महिलाओं और लड़कियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए दिल्ली पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल के प्रस्तावित कदम के बारे में जानकारी मांगी है।