फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पढ़िए क्या है हाइवे पर दौड़ते चोरी के ट्रकों का असली सच

विज्ञापन
विज्ञापन
नोएडा के थाना सेक्टर-20 पुलिस ने मंगलवार रात निठारी तिराहे के पास चार शातिरों को एक चोरी के ट्रक के साथ गिरफ्तार किया। गिरोह चोरी किए गए ट्रकों के फर्जी कागजात बनाकर और फर्जी चेसिस नंबर डालकर भाड़े पर चलाते थे।
विज्ञापन


बदमाश दिल्ली-एनसीआर में चोरी की वारदात को अंजाम दिया करते थे। इनकी निशानदेही पर चार अन्य चोरी के हाइवे और ट्रक एनएच-24 से जुड़े स्थानों से बरामद किए गए।

जानकारी के मुताबिक मुखबिर से सूचना के आधार पर मंगलवार रात साढ़े नौ बजे बिना नंबर प्लेट का एक ट्रक पुलिस ने पकड़ा। जिसमें चार आरोपियों को गिरफ्तार किया।
विज्ञापन

पिछला ट्रक राजस्थान से किया गायब

पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि यह ट्रक उन्होंने पिछले माह जयपुर के राजस्थान से चुराया था। चोरों की पहचान शाहनवाज निवासी बुलंदशहर, मौ. असिफ उर्फ डाक्टर निवासी मुजफ्फरनगर, सतीश निवासी गाजियाबाद व धनेश निवासी गाजियाबाद हुई है।

पुलिस ने इनके पास से दो तमंचे, दो चाकू समेत चोरी के ट्रकों के फर्जी कागज, दस मोहरे, इंकपैड और कई कलर के पेन, गाड़ियों के चेसिस नंबर मिटाने के लिए व नया नंबर डालने संबंधित औजार व निशान देही पर चार ट्रक बरामद किए हैं।

जिनमें से दो दस टायरा, दो छह टायरा और एक चार टायरा ट्रक है। गिरोह का सरगना एक आरोपी महेश फरार है। इसकी तलाश के लिए छापेमारी की जा रही है। पुलिस ने बताया कि यह चोरी के ट्रकों के फर्जी पेपर बनाकर भाड़े पर चलाते थे। वहीं, पुराने हो जाने पर इसको दिल्ली के मायापुरी इलाके में कटवा देते थे।
विज्ञापन

मास्टर माइंड की तलाश में है पुलिस

एसपी सिटी योगेश सिंह ने बताया कि बदमाश ढाबों व ट्रांसपोर्ट क्षेत्र में खड़े खाली ट्रकों को अपना शिकार बनाते थे। ड्राइवर के सोने पर या तो ट्रक चोरी करके ले जाते थे।

जरूरत पड़ने पर तमंचे के बल पर यह ट्रक लूट लेते थे। एक आरोपी हाफिज ट्रकों का चेचिस नंबर बदलता था। इसलिए इसका नाम डॉक्टर रखा गया था।

गिरोह का मास्टर माइंड महेश ट्रकों की जानकारी मिलने पर अपने सामने ही ट्रक चोरी की वारदात अंजाम दिलाता था।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें