फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'एलजी हैं बोस एसीबी सिर्फ पुलिसवालों पर कार्रवाई करती है'

Sat, 06 Jun 2015 10:53 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
विज्ञापन
दिल्ली पुलिस के अफसरों ने कहा है कि भ्रष्टाचार व संगीन अपराध पर लगाम लगाने को लेकर उन्हें समय-समय पर उपराज्यपाल से निर्देश मिलते रहते हैं।
विज्ञापन


यह कहकर उन्होंने जता दिया कि एलजी ही उनके बॉस हैं।  साथ ही जाने-अनजाने में ये भी बता दिया कि सरकार की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा एसीबी सिर्फ पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई करती है, दूसरे विभाग में हस्तक्षेप नहीं करती।

अपनी बात रखने के लिए दिल्ली पुलिस अधिकारियों ने शनिवार को प्रेसवार्ता बुलाई। इसे विशेष पुलिस आयुक्त (लॉ एंड ऑर्डर) दीपक मिश्रा, अमूल्य पटनायक (विजिलेंस) और ताज हसन (क्राइम) ने संबोधित किया।
विज्ञापन

 
विशेष पुलिस आयुक्त दीपक मिश्रा ने कहा कि एलजी द्वारा दिल्ली पुलिस के काम की समीक्षा की जाती है। चार जून को भी की गई। समय-समय पर एजली से निर्देश मिलते रहते हैं।

इतनी कार्रवाई कोई नहीं करता..

पुलिस भ्रष्टाचार के खिलाफ कमर कस चुकी है। कोई भी विभाग अपने कर्मियों के खिलाफ इतनी कार्रवाई नहीं करती जितना दिल्ली पुलिस अपने जवानों के खिलाफ करती है।  

उन्होंने बताया कि दिल्ली पुलिस की विजिलेंस ब्रांच केबाद भ्रष्टाचार में लिप्त पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई करने की शक्ति है। विशेष पुलिस आयुक्त अमूल्य पटनायक ने बताया कि पुलिस ने भ्रष्टाचार को लेकर कई कदम उठाए हैं।

हेल्प लाइन नंबर भी 1064 मई, 2014 में लांच कर चुकी है। अगस्त 2014 में वाट़्सएप लांच किया था। दिल्ली पुलिस भी भ्रष्टाचार को लेकर कार्रवाई करती है।  

पुलिस की भ्रष्टाचार निरोधक हेल्पलाइन पर सरकार के विभाग दिल्ली जल बोर्ड, एमसीडी और परिवहन विभाग के खिलाफ तीन हजार से ज्यादा कॉल्स व मैसेज मिले हैं।

हेल्पलाइन पर एक लाख से अधिक मैसेज मिले

इन शिकायतों पर पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की है। सभी शिकायतें सरकार की भ्रष्टाचार निरोधक शाखा को सौंप दी हैं। वे दूसरे विभाग में हस्तक्षेप नहीं करती है।

दिल्ली पुलिस की हेल्पलाइन पर भ्रष्टाचार को लेकर करीब एक लाख मैसेज व शिकायतें मिली हैं। भ्रष्टाचार को लेकर वाट्सऐप पर 85657 मैसेज, 10442 कॉल और 3590 मैसेज मिले हैं। दिल्ली पुलिस की हेल्पालाइन व वाट्सऐप बहुत ही ज्यादा प्रसिद्घ हुई है।

भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम केतहत 74 पुलिसकर्मियों के खिलाफ 36 मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें दो इंस्पेक्टर, छह सब-इंस्पेक्टर, छह एएसआई, 22 हवलदार और 38 सिपाही शामिल हैं।
विज्ञापन

आठ पुलिसकर्मियों को नौकरी से निकाला

इसके अलावा वर्ष 2014 से लेकर 31 मई, 2015 तक विभिन्न थानों में पीओएसी एक्ट केतहत दस मामले दर्ज किए गए हैं। इनमें पांच एसआई, एक एएसआई, दो हवलदार व दो सिपाही शामिल हैं।

भ्रष्टाचार में लिप्त पाए गए 69 पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया है और आठ पुलिसकर्मियों को नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है।

इनमें से 39 लोकल पुलिसकर्मी, 14 ट्रैफिक पुलिसकर्मी और 24 पुलिसकर्मी पीसीआर से हैं।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें