मसौदे में मंत्रालय ने गोद लिए बच्चों, सौतेले बच्चों, दामाद, बहू और पोते-पोतियों समेत बच्चों की परिभाषा को व्यापक बनाने का प्रस्ताव रखा है। मौजूदा समय में केवल बेटों, बेटियों और पोते-पोतियों को इसमें शामिल हैं।
इसके अलावा माता-पिता को साथ नहीं रखने वाले बच्चों के लिए रखरखाव राशि की ऊपरी सीमा 10000 रुपये से बढ़ाने का प्रस्ताव किया था।