दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने काला जठेड़ी-लॉरेंस बिश्नोई गैंग के इनामी हथियार तस्कर को अत्याधुनिक अवैध हथियारों के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी रिजवान अंसारी बुलंदशहर के खुर्जा देहात और कोतवाली के दो मामलों में हथियार सप्लाई करने के लिए वांछित था। ये हथियार उसे बुलंदशहर और खुर्जा में शाहबाज के संपर्कियों ने मुहैया कराए थे। शाहबाज ने पंजाबी गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या के लिए भी हथियार उपलब्ध कराए थे। आरोपी रिजवान की गिरफ्तारी पर यूपी पुलिस ने 25 हजार रुपये का नकद इनाम घोषित किया था। दिल्ली पुलिस ने यूपी पुलिस को सूचना दे दी है। इसके पास से एक अत्याधुनिक पिस्तौल, एक देशी पिस्तौल, पांच कारतूस और एक चोरी का स्कूटर बरामद किया गया।
अपराध शाखा के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त संजय भाटिया के अनुसार खुर्जा देहात यूपी पुलिस ने एक थार कार में बैठे तीन संदिग्धों को 29 अप्रैल, 2024 को रोका था। कार से पांच हथियार बरामद किए गए। इस मामले में रिजवान मददगार बताया गया था। बुलंदशहर पुलिस ने एक अंतरराज्यीय हथियार आपूर्ति सिंडिकेट का 22 मई, 2024 को भंडाफोड़ करते हुए 12 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया। इनसे भी हथियार बरामद किए गए। गिरफ्तार व्यक्ति रिजवान और बिलाल, खुर्जा, यूपी के थे। वह गिरोह मांग के आधार पर 45 हजार रुपये से लेकर 50 हजार रुपये तक की कीमतों पर अवैध पिस्तौल बेचता था। उस समय रिजवान का नाम हथियार तस्कर के रूप में सामने आया। वह गिरफ्तारी से बच रहा था।
शाखा की एजीएस एसीपी नरेश कुमार की देखरेख में इंस्पेक्टर कृष्ण कुमार के नेतृत्व में एसआई सचिन गुलिया, मुकेश, अगम व एएसआई नरेंद्र की टीम हथियारों तस्करों की सुरागकशी में लगी हुई थी। पुलिस को 24 अक्टूबर को रिजवान अंसारी के बारे सूचना मिली थी। पुलिस टीम ने नाला छावला, द्वारका, दिल्ली में एक घेराबंदी करते हुए आरोपी को स्कूटर पर जाते हुए गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने पूछताछ में बताया कि उसे हथियार उसके चचेरे भाई शाहबाज अंसारी ने दिए थे।
मूसेवाला मामले में पकड़ा गया था शहबाज
शहबाज को पहले सिद्धू मूसेवाला के हत्यारों को हथियार सप्लाई करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। बुलंदशहर और खुर्जा क्षेत्र के दो अन्य हथियार आपूर्तिकर्ता कुर्बान अंसारी और रेहान अंसारी, रिजवान के भाई हैं। कुर्बान को एक करोड़ रुपये की पिस्तौल के साथ सीमा पार से अत्याधुनिक हथियारों की तस्करी के लिए 2016 में दिल्ली पुलिस ने गिरफ्तार किया था। शाहबाज को कुख्यात गैंगस्टर को हथियार सप्लाई करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था, जिसका इस्तेमाल दिसंबर 2022 में मूसेवाला की हत्या में किया गया था। रिजवान को यूएपीए के तहत न्यायिक हिरासत में में चल रहे शाहबाज का करीबी बताया जाता है। आरोपी रिजवान यूपी के मुजफ्फरनगर क्षेत्र में हथियारों सप्लाई करता था।
एक समाचार पत्र में काम कर चुका है रिजवान-
खुर्जा, बुलंदशहर, यूपी में पैदा हुए रिजवान के माता-पिता और भाई कुर्बान का महामारी के दौरान निधन हो गया। रिजवान अपने भाइयों और भतीजे के साथ मिलकर देश भर के कुख्यात गैंगस्टरों को अवैध हथियार और गोला-बारूद सप्लाई करने में शामिल रहा था। शुरू में रिजवान पिता के क्रॉकरी के कारोबार में साथ देता था। उसने पत्रकारिता में भी कदम रखा था। 2016 में उसके भाइयों को दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने अवैध हथियारों की बड़ी खेप के लिए गिरफ्तार किया था। जमानत पर रिहा होने के बाद, उन्होंने कुख्यात गिरोहों को आपूर्ति करते हुए अपने अवैध हथियारों के कारोबार को फिर से शुरू कर दिया। अप्रैल और मई 2024 में, काला जठेड़ी-लॉरेंस बिश्नोई गिरोह के कई शूटरों को यूपी पुलिस ने गिरफ्तार किया। इन्होंने खुलासा किया था कि रिजवान से अवैध हथियार खरीदे थे।