टीसीएस कंपनी के सॉफ्टवेयर इंजीनियर अंकित चौहान की हत्या सुपारी देकर कराई गई थी। सुपारी देने वाला इंजीनियर का काफी करीबी है। मामले में पुलिस ने अंकित के मामा के बेटे और उसके दोस्त गगन को हिरासत में लिया है।
गगन वारदात के दौरान अंकित के साथ फॉर्च्यूनर में सवार था। प्रत्यक्षदर्शी ने पुलिस को बताया है कि गगन अंकित के साथ आगे की सीट पर ही बैठा था।
पुलिस की प्रथम दृष्टया जांच में यह साफ हो गया है कि अंकित हमलावर से परिचित नहीं था। पुलिस ने शक जताया है कि हत्या बाकायदा पहले से प्लान कर बाकायदा सुपारी देकर कराई गई है।
पत्नी के पास लंच के लिए गया था अंकित
अंकित चौहान (27) पुत्र धर्मवीर चौहान सेक्टर 77 स्थित प्रतीक विस्टिरिया अपार्टमेंट में पत्नी अमीषा के साथ रहता था। अमीषा एसेंच्योर में सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं।
सोमवार को अमीषा सेक्टर-135 स्थित अपने ऑफिस गई हुई थी। दोपहर 2:30 बजे अंकित अपने दोस्त गगन से साथ अमीषा के पास लंच करने गया था।
वहां से लौटते समय सेक्टर-76 स्थित सिलीकॉन सिटी के पास सफेद रंग की होंडा एकॉर्ड सवार दो हमलावरों ने उनकी गाड़ी को रोक लिया। इसके बाद एक हमलावर ने अंकित की गोली मारकर हत्या कर दी थी।
हमलावरों को नहीं पहचानता था अंकित
जिन हमलावरों ने वारदात को अंजाम दिया था, उन्हें अंकित नहीं पहचानता था। गगन ने भी पुलिस से कहा है कि उसने भी उन्हें पहले कभी नहीं देखा। पुलिस सूत्रों ने बताया कि प्रथम दृष्टया जांच में यह स्पष्ट हो गया है कि हत्या सुपारी देकर कराई गई है।
सुपारी की रकम व देने वाले के नाम का खुलासा फिलहाल पुलिस नहीं कर रही है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि सारी कड़ियों को जोड़ने के बाद ही हत्यारोपी व सुपारी किलर के नाम का खुलासा हो पाएगा।
पुलिस ने शक के आधार पर गगन व अंकित के मामा के बेटे को हिरासत में ले रखा है। जिस सीसीटीवी कैमरे में कैद फुटेज के आधार पर पुलिस मामले का खुलासा जल्द करने का दावा कर रही थी, उसमें हत्यारे का चेहरा स्पष्ट नहीं हो सका है।
डीएसपी राजकुमार मिश्र के अनुसार अंकित के मामा का बेटा शाहदरा दिल्ली में रहता है। कई साल से अंकित के पिता धर्मवीर चौहान और उनके साले के बीच गहरा विवाद चल रहा था। ऐसे में उन्हें एक साल पहले जान से मारने की धमकी भी मिल चुकी है। इनके अलावा गगन से भी पूछताछ की जा रही है।