घर के सामने से बृहस्पतिवार की सुबह अगवा की गई बच्ची के हत्यारों को पुलिस कोई सुराग नहीं लगा सकी है। परिजन भी किसी से दुश्मनी होने की बात से इनकार कर रहे हैं। पुलिस की जांच अब सिर्फ पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट पर ही टिकी है।
मालूम हो कि नवीन नगर चौकी क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति की आठ वर्षीय बेटी बृहस्पतिवार की सुबह घर के सामने से अगवा कर ली गई थी। शुक्रवार को उसका शव दिल्ली के जैतपुर थाना क्षेत्र में यमुना खादर के पास बैग में मिला था।
चेहरे पर चोट और कटे के निशान होने के साथ ही शरीर पर पिटाई के निशान पाए गए थे। लोगों का अनुमान था कि बच्ची की हत्या पीट-पीटकर की गई थी। उधर, बच्ची के परिजन भी कुछ नहीं बता पा रहे हैं। बच्ची की हत्या रंजिश में की गई या फिर किसी और इरादे से, पुलिस इसकी खोजबीन में जुटी है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट नहीं मिलने की वजह से समाचार लिखे जाने तक पुलिस यह पुष्टि नहीं कर पाई थी कि बच्ची के साथ दुष्कर्म हुआ था या नहीं। सराय ख्वाजा एसएचओ ने बताया कि हत्याकांड का खुलासा करने के प्रयास किए जा रहे हैं।
कोई करीबी हो सकता है हत्यारा
बच्ची की हत्या में कोई करीबी शामिल हो सकता है, पुलिस ऐसा मानकर चल रही है। आठ साल की बच्ची परिचित और अपरिचितों को अच्छी तरह से पहचानती होगी। ऐसे में जांचकर्ताओं को नहीं लगता कि घर के बाहर खेलती हुई बच्ची को कोई अपरिचित बहला फुसला कर ले गया होगा।
हालांकि पुलिस हर दृष्टिकोण से हत्या को देख रही है। बृहस्पतिवार को पीड़ित परिवार के घर के सामने से गुजरे चार पहिया, तिपहिया वाहनों के बारे में भी पुलिस पता लगा रही है। बच्ची को अगवा कर कहीं इन वाहनों से तो दिल्ली नहीं ले जाया गया। पुलिस टोल प्लाजा की सीसीटीवी फुटेज भी खंगाल रही है।