दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री व आप संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी पर पलटवार करते हुए कहा कि वह सबसे पहले अपने बेटे राहुल गांधी को सरकार चलाने के बारे में सबक दें।
पश्चिमी दिल्ली में सोमवार शाम एक रैली को संबोधित करते हुए केजरीवाल ने कहा कि सोनिया गांधी ने कहा है कि सरकार चलाना बच्चों का खेल नहीं है। इस सबक की सबसे अधिक जरूरत उकने बेटे राहुल गांधी को है।
गौरतलब है कि रविवार को सोनिया गांधी ने करोलबाग में आयोजित चुनावी रैली में अरविंद केजरीवाल के 49 दिनों की सरकार पर कटाक्ष करते हुए कहा था कि सरकार चलाना बच्चों का खेल नहीं हैं।
ली सोनिया की चुटकी
अरविंद केजरीवाल अपनी रैली में सोनिया गाँधी के बयान पर चुटकी लेने से भी नहीं चूके। उन्होंने कहा कि सोनिया जी का यह बयान कि सरकार चलाना बच्चो का काम नहीं है, उनके बेटे के ही खिलाफ जाता है। इसलिए सोनिया को अपने बेटे के बारे में ऐसे नहीं कहना चाहिए था।
साथ ही उन्होंन बताया कि वह एलजी नजीब जंग से मिलकर यह गुजारिश की है कि दिल्ली में जल्द से जल्द री-इलेक्शन ऑर्गनाइज कराएं। बीजेपी और कांग्रेस ऐसा नहीं होने देना चाहती हैं।
उनका कहना है कि जब तक दिल्ली में कांग्रेस और बीजेपी रहेंगी तब तक बिजली कंपनियों के खातों का सीएजी ऑडिट होना असंभव है।
बीजेपी को बताया घातक
केजरीवाल ने कहा है कि भारतीय जनता पार्टी दिल्ली में आप सरकार गिराने पर अमादा थी। जबकि खुद सरकार नहीं बनाना चाहती है। दरअसल वह चाहती है कि दिल्ली में कोई सरकार न रहे।
जब सुप्रीम कोर्ट ने बीजेपी से दिल्ली में सरकार बनाने के लिए पूछा, तो बीजेपी ने क्यों सरकार बनाने मना कर किया, जबकि वे सरकार बना सकते थे।
असल में कांग्रेस-बीजेपी न तो जन लोकपाल पास करना चाहती थीं और न ही डिस्कॉम्स के खातों का सीएजी ऑडिट करने देना चाहती थीं, इसलिए अड़ंगा लगाकर आप की सरकार गिरवाई।