फिल्म अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना रणौत
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गुरुग्राम में हो रहे अमर उजाला के वैचारिक संवाद कार्यक्रम में देश की जानी मानी शख्सियतों, नीति नियंताओं, विचारकों और विशेषज्ञों के विचार जानने और उनसे रूबरू होने का मौका मिल रहा है। इस कार्यक्रम में खेल, राजनीति और धर्म से लेकर मनोरंजन जगत की हस्तियां शामिल हुई हैं। दिग्गज अदाकारा और भाजपा सांसद कंगना रणौत ने भी इस कार्यक्रम में शिरकत की। इस मंच से कंगना ने कई बातें साझा कीं।
भाजपा सांसद कंगना रणौत ने कहा कि एक समय देश की परिस्थितियों से निराश होकर उन्होंने देश को छोड़ने का मन बना लिया था। पीएम मोदी ने राष्ट्र चेतना दी है। कंगना ने कहा कि उन्होंने बहुत शोषण सहा है। मुंबई गए हों, चाहें किसी और शहर में गए हैं, अंग्रेजी नहीं आती है, ये छोटे शहर से हैं..इन्हें इंडस्ट्री से निकालो, ये छोटे लोग हैं, ये लोग गोरी चमड़ी वाले हैं, ये वंशवादी हैं, इनके चाचा-चाची लंदन, अमेरिका से हैं, ऐसे शब्दों का उपयोग किया जाता था।
सांसद कंगना रनौत ने कहा कि इस देश में भारत और भारतीयता की जो दुर्दशा थी, उससे वह काफी परेशान थीं। उन्हें लगता था देश छोड़कर चले जाएं। 2009-10 में उन्होंने अमेरिका में घर भी ले लिया, लेकिन तब पीएम नरेंद्र मोदी के रूप में एक ऐसी चेतना शक्ति का उदय हुआ..जिसने जन-जन में भारतीय होने का अहसास दिला दिया। अपने धर्म के प्रति, अपने देश के प्रति, अपनी मिट्टी के प्रति वफादारी का अहसास उन्हें मोदी जी के सत्ता में आने के बाद ही हुआ।