जाट आरक्षण आंदोलन मामले की न्यायिक जांच कराने की मांग को लेकर बृहस्पतिवार को कस्बे के गणमान्य लोगों ने तहसीलदार विजय सिंह यादव के माध्यम से माननीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नाम एक ज्ञापन सौंपा है।
तावडू वासियों ने ज्ञापन में लिखा है की जाट आंदोलन आरक्षण के दौरान प्रदेश में सरकारी व गैर सरकारी संपति की भारी तबाही हुई है।
इस आंदोलन में सदियों से चला आ रहा भाईचारे को खराब करने की खुलेआम कोशिश की गई है। आरक्षण की आड़ में असामाजिक तत्वों ने घिनौनी हरकतों को खुलेआम अंजाम दिया है। जिसे कभी नहीं भुलाया जा सकता है।
प्रदेश के लोग राज्य की 50 वीं वर्षगांठ को लेकर बड़े तौहफे की आस लगाए हुए थे। लेकिन गुंड़ा शरारती तत्वों ने प्रदेशवासियों की उमीदों पर पानी फेर दिया।
कस्बेवासियों ने आरक्षण आंदोलन मामले की न्यायिक जांच, क्षति पहुंचने वाले लोगों की आर्थिक मदद व सहमे व डरे लोगों की सुरक्षा की फरियाद लगाई है। ताकि प्रदेश में ऐसी शर्मनाक वारदात दोबारा ना हो।