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JNU मार्चः महिला पत्रकार का कैमरा ले जाने पर सिपाही हुआ सस्पेंड, आज भी जारी पत्रकारों का प्रदर्शन

Tue, 27 Mar 2018 11:42 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, नई दिल्ली
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सोमवार को पत्रकारों का प्रदर्शन - फोटो : pti
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जेएनयू छात्रों के मार्च के दौरान महिला पत्रकार का कैमरा गायब होने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। महिला पत्रकार का कैमरा एक दिल्ली पुलिस के सिपाही से मिला है। सिपाही कैमरे को अपने साथ ले गया था। सिपाही दक्षिण-पश्चिमी जिले में तैनात है। दक्षिण जिला डीसीपी रोमिल बानिया ने बताया कि इस सिपाही को निलंबित कर दिया गया है।

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हालांकि सिपाही के सस्पेंड होने के बाद भी सोमवार को पत्रकारों ने दिल्ली पुलिस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने विरोध स्वरूप अपने कैमरों को सड़क पर रख दिया। यही नहीं पत्रकार अपनी मांग लेकर गृहमंत्री राजनाथ सिंह से भी मिले।

मालूम हो कि एक सिपाही के अलावा डीएपी में तैनात एक महिला पुलिसकर्मी को भी निलंबित किया गया है। वीडियो रिकॉर्डिंग में महिला पुलिसकर्मी महिला पत्रकार के साथ हाथापाई करती हुई दिखाई दे रही है।

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रविवार शाम को सिपाही का नाम सामने आ गया

सोमवार को पत्रकारों का प्रदर्शन - फोटो : pti
दक्षिण जिले के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि वीडियो रिकॉर्डिंग को खंगालने पर पता लगा कि दिल्ली पुलिस का एक सिपाही कैमरे को ले जाता हुआ दिखाई दे रहा है। इसके बाद सिपाही का नाम पता किया गया।
 
रविवार शाम को सिपाही का नाम सामने आ गया और उसके कब्जे से कैमरा बरामद कर लिया गया। उसका कहना है कि वह जेएनयू के छात्रों का समझकर कैमरे को अपने पास ले गया था।

इसकी जानकारी सीनियर अफसर को दी गई और इसके बाद सिपाही को निलंबित किया गया। हालांकि डीसीपी रोमिल बानिया ने सिपाही का नाम बताने इंकार कर दिया। डीसीपी ने बताया कि इससे पहले रविवार दोपहर को ही महिला पत्रकार का कैमरा गायब होने के मामले में सरोजनी नगर थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई थी।
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सोशल मीडिया पर वायरल हो रही पुलिस की करतूत

- फोटो : अमर उजाला
झपटमारी की धारा में एफआईआर दर्ज की गई है। अब कैमरा केस प्रॉपर्टी हो गया है और कोर्ट के आदेश के बाद ही महिला पत्रकार को मिलेगा। खास बात ये है कि पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ कैमरा छीनने का मामला दर्ज किया है, जबकि सोशल मीडिया पर जो वीडियो वायरल हुई है उसमें साफ दिखाई दे रहा है कि महिला पुलिसकर्मी महिला पत्रकार से कैमरा छीन रही हैं।
 
दूसरी ओर पुलिस ने अंग्रेजी अखबार की महिला पत्रकार के साथ दिल्ली कैंट के थानाध्यक्ष द्वारा छेड़छाड़ करने के मामले में एफआईआर दर्ज नहीं की है। रोमिल बानिया ने बताया कि मामले की विजिलेंस जांच चल रही है।
 
महिला पत्रकार को कुछ पूछताछ करने के लिए सोमवार को सरोजनी नगर थाने में बुलाया गया है। जांच के रिपोर्ट सामने आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। दिल्ली पुलिस के मुख्य प्रवक्ता दीपेन्द्र पाठक ने विजिलेंस जांच की रिपोर्ट दो दिन में आने की बात कही थी।
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