जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय प्रबंधन ने कैंपस में 9 फरवरी को देशविरोधी नारे लगाने के मामले में दोषी सभी 21 छात्रों का अगली कक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन प्रतिबंधित कर दिया है।
जेएनयू ने सभी छात्रों के विभागाध्यक्षों को नोटिस भेजकर अगले आदेश तक, अगली कक्षा में रजिस्ट्रेशन ब्लॉक करने का निर्देश जारी किया है। ऐसे में उक्त सभी छात्र अब नए सत्र में कक्षाओं में नहीं बैठ सकेंगे।
जेएनयू छात्रसंघ के संयुक्त सचिव और एबीवीपी पदाधिकारी सौरभ शर्मा के मुताबिक, विश्वविद्यालय प्रबंधन ने 18 जुलाई देर शाम सभी विभागों को नोटिस जारी किया।
यह नोटिस विश्वविद्यालय प्रबंधन द्वारा 9 फरवरी को देशविरोधी नारे लगाने के मामले पर गठित उच्चस्तरीय कमेटी की ओर से जारी हुआ है, जिसमें कमेटी के चेयरमैन प्रो. राकेश भटनागर समेत सभी पांचों सदस्यों के हस्ताक्षर हैं।
अगले आदेश तक अगली कक्षाओं में न बैठाने का निर्देश
JNU
उच्चस्तरीय कमेटी ने अपने नोटिस में सभी 21 छात्रों के साथ उनके विभाग, सेमेस्टर समेत दोष के आधार पर कमेटी द्वारा तय सजा के बारे में भी लिखा है।
इस नोटिस में कन्हैया कुमार, अनिर्बन भट्टाचार्य, उमर खालिद, मंजीब गट्टू, आशुतोष कुमार, कोमल, अस्वति, अंजली, अन्वेशा चक्रवर्ती, भावना, अनंत प्रकाश, सौरभ शर्मा, रामानागा, चिंटू कुमारी समेत अन्य के नाम शामिल हैं।
गौरतलब है कि उक्त सभी छात्रों को कमेटी ने अपनी जांच में दोषी माना था। इसके बाद उक्त छात्रों ने हाईकोर्ट में कमेटी के फैसले के खिलाफ याचिका दायर कर दी थी।
अदालत ने विश्वविद्यालय को उक्त सभी छात्रों का निलंबन रद्द कर कमेटी के समक्ष अपना पक्ष रखने का मौका देने का निर्देश दिया था। हालांकि महीनों बीतने के बाद भी उक्त छात्र कमेटी के समक्ष अपना पक्ष रखने में नाकाम रहे हैं।