जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों ने कोविड19 जांच के लिए चिप आधारित आरटी-पीसीआर किट डिजाइन की है। यह पोर्टेबल किट सटीक और कम समय में नतीजे देगी। वैज्ञानिकों का दावा है कि इस किट से जांच में पैसे भी कम लगेंगे।
जेएनयू के डिपार्टमेंट ऑफ बॉयोटेक्नोलॉजी के प्रो. जयदीप भट्टाचार्य की अध्यक्षता में इस शोधकार्य को किया जा रहा है। कुलपति प्रो. एम जगदीश कुमार ने सोमवारर को इस संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि कोविड 19 जांच के लिए चिप आधारित आरटी-पीसीआर किट डिजाइन की है।
इस प्रोजेक्ट को बायोटेक्नोलॉजी इंडस्ट्री रिसर्च असिस्टेंस काउंसिल की ओर से मंजूरी मिल गई है। काउंसिल फंड भी मुहैया करवाएगी। प्रो. भट्टाचार्य के मुताबिक, कोरोना जांच की परेशानी को ध्यान में रखते हुए यह किट डिजाइन किया गया है। यह किट एक एक टिफिन की तरह है। यह अभी लैबोरेटरी लेवल पर ही है इसे प्रोटोटाइप बनाने में थोड़ा समय लगेगा।
अभी तक कोराना का सैंपल लेकर लैब में आना पड़ता था और जहां इसकी टेस्टिंग होती थी। कई बार सैंपल खराब होने का भी डर रहता है। हालांकि आरटी-पीसीआर किट तुरंत ऑनस्पॉट कोरोना का टेस्ट कर सकती है।
यह एक पोर्टेबल किट होगी और यह कम समय में सटीक नतीजे देगी व इस पर कम खर्च आएगा। इससे 50 मिनट में नतीजे आ जाएंगेअब तक मौजूदा जांच के लिए लैब का खर्च 10 से 15 लाख है। जबकि हमारी किट एक लाख रुपए के अंदर में बन जाएगी।